Health

Previous1234567Next

कोरोना अपडेट : देश में कोरोना संक्रमण का आंकडा पहुंचा 53 लाख के पार, बिते 24 घंटों में मिले 93 हजार 337 नए कोरोना संक्रमित मरीज, वही 1247 मरीजों की गई जान

Date : 19-Sep-2020

नईदिल्ली (एजेंसी। भारत में कोरोना वायरस की रफ्तार बहुत तेजी के साथ बढ़ रही है। भारत बीते कुछ दिनों से कोरोना वायरस के 90 हजार से एक लाख के बीच मामले सामने आ रहे हैं। इसी के साथ भारत में कोरोना वायरस का आंकड़ा 53 लाख को पार कर गया है। बीते 24 घंटे में भारत में कोरोना वायरस के 93 हजार से ज्यादा मामले सामने आए हैं और 1200 से ज्यादा लोगों की मौत हुई है।

स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के द्वारा जारी किए गए आंकड़ों के मुताबिक, भारत में पिछले 24 घंटे में कोरोना के 93,337 नए केस सामने आये हैं। और एक दिन में 1247 लोगों की मौत हुई है। इसी के साथ भारत में कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों की संख्या 53,08,015 हो गयी है। जिसमें 10,13,964 मामले एक्टिव हैं। जबकि राहत की बात यह है कि देश में स्वास्थ्य होने वालों की संख्या 42,08,432 हो गयी है। वहीं, कोरोना वायरस महामारी से भारत में अब तक 85,619 लोगों की मौत हो चुकी है।

View More...

दुनियाभर में 3 करोड़ से अधिक लोग हुए कोरोना संक्रमित, वहीं अब तक 9 लाख से अधिक की मौत

Date : 18-Sep-2020

नईदिल्ली (एजेंसी)। दुनियाभर में कोरोना वायरस के मामलों में लगातार और तेजी से बढ़ोतरी हो रही है। जॉन्स हॉपकिन्स यूनिवर्सिटी के अनुसार, वैश्विक कोरोना वायरस मामलों की कुल संख्या 30 मिलियन यानी की 3 करोड़ का आंकड़े को पार कर गई है।

जबकि शुक्रवार की सुबह तक जॉन्स हॉपकिन्स यूनिवर्सिटी के मुताबिक, कोरोना वायरस के कारण 944,000 लोगों की मौतें हो गई हैं। इसी के साथ कुल मामलों की संख्या 30,065,728 हो गई है और मृत्यु दर बढ़कर 944,604 तक पहुंच गया है। विश्वविद्यालय के सेंटर फॉर सिस्टम साइंस एंड इंजीनियरिंग ने अपने नए अपडेट में यह खुलासा किया।
CSSE के अनुसार वर्तमान में दुनिया में सबसे अधिक 6,674,070 कोरोना संक्रमित और कोरोना के कारण 197,615 लोगों की मृत्यु के साथ अमेरिका सबसे खराब स्थिति वाला देश है।

View More...

कोरोना अपडेट : देश कोरोना मरीजों की संख्या हुई 51 लाख के पार, पिछले 24 घंटों में मिले 97 हजार 894 नए कोरोना संक्रमित मरीज, वही 1132 लोगों की कोरोना से गई जान

Date : 17-Sep-2020

नईदिल्ली (एजेंसी)। देश में कोरोना वायरस का कहर लगातार जारी है। देश में पिछले 24 घंटों में 97,894 नए मामले सामने आए हैं, जिसके बाद कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा बढ़कर 51,18,254 हो गया है। वहीं, 24 घंटे में 1,132 लोगों की जान चली गई है। दुनिया में अभी संक्रमण के सबसे ज्यादा मामले अमेरिका में है, लेकिन हर दिन अमेरिका से कई गुना कोरोना मामले भारत में मिल रहे हैं।

स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक, भारत में पिछले 24 घंटों में 97,894 नए कोविड-19 मामले सामने आए और 1,132 मौतें हुई हैं। देश में कुल पॉजिटिव मामलों की संख्या बढ़कर 51,18,254 हो गई है जिसमें 10,09,976 सक्रिय मामले 40,25,080 ठीक/डिस्चार्ज/माइग्रेट और 83,198 मौतें शामिल हैं।
भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर), बुधवार (16 सितंबर) तक कोरोना वायरस के लिए कुल 6,05,65,728 सैंपल टेस्ट किए गए, जिनमें से 11,36,613 सैंपल कल टेस्ट किए गए।

View More...

ब्लू टी से पाएं डिप्रेशन, डायबिटीज से छुटकाश् और इम्यूनिटी पावर, मिलेंग कई फायदे

Date : 16-Sep-2020

हेल्थ डेस्क (एजेंसी)। ब्लू टी यानी नीली चाय बाकी चाय से ज्यादा फायदेमंद है। नीली चाय को ‘ब्लू टी’ और ‘बटरफ्लाई टी’ भी कहा जाता हैै। सेहत के लिए यह टी उतनी ही लाभकारी है। जितनी कि अन्य हर्बल टी हैं। इस चाय को बनाने के लिए बटरफ्लाई पिक फ्लावर का इस्तेमाल किया जाता है। ब्लू टी का सेवन बालों और त्वचा के लिए लाभकारी होता है। शुगर के मरीजों को ब्लू टी का सेवन जरूर करना चाहिए। यह ब्लड में शुगर की मात्रा को कंट्रोल में रखता है। जिन लोगों को शुगर की बीमारी नहीं भी है, वे अगर अगर ब्ल्यू टी रोज एक कप पीते हैं तो उन्हें कभी डायबिटीज की समस्या नहीं हो सकती। इसे पीने से इम्यूनिटी बढ़ती है और इससे कई तरह के रोगों से बचाव होता है। 

यह काफी एनर्जेटिक होती है और इसे पीने से जल्दी थकान का अनुभव नहीं होता। इसमें एक खास तरह की खुशबू होती है, जो लंबे समय तक तरोताजा रखती है। साथ ही ब्‍लू टी में एंटी-ऑक्सीडेंट्स होते हैं। इसमें मौजूद बायो कंपाउड शरीर से टॉक्सिन्स निकालने में मदद करते हैं और सेहत के लिए लाभकारी होते हैं। अक्सर हम अपने बालों और त्‍वचा को लेकर परेशान रहते है। ब्लू टी में मौजूद विटामिन्स और मिनरल्स बालों और त्वचा के लिए लाभकारी होते हैं। त्वचा को जवां और बालों को घना और खूबसूरत बनाने के लिए ब्लू टी का सेवन फायदेमंद होता है। ब्लू टी एंग्जाइटी और डिप्रेशन को भी कम करती है। इसमें पाए जाने वाले अमीनो एसिड तनाव को कम करते हैं। अगर ब्लू टी का नियमित सेवन किया जाए तो दिमाग सही रहता है। इस तरह ब्लू टी के अनेक फायदे है। निरंतर इसके उपयोग से सेहत के लिए चिंता करने की आवश्यकता नहीं होगी।

View More...

देश में कोरोना कहर जारी, बीते 24 घंटे में मिले कोरोना के 90 हजार से अधिक नए मरीज, वहीं 1290 मरीजों की हुई मौत

Date : 16-Sep-2020

नई दिल्ली (एजेंसी) । भारत में बीते 24 घंटे में कोरोना के 90 हजार से अधिक नए केस सामने आए हैं। इसके साथ ही 1290 मरीजों की मौत हो गई है। अगर एक्टिव केस की बात करें तो इसकी संख्या 10 लाख के करीब पहुंच गई है। वहीं, कुल मामलों की संख्या 50 लाख से पार कर गई है।

स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक बीते 24 घंटे में कोरोना के 90,123 नए पॉजिटिव केस सामने आए हैं। इसके अलावा 1290 मरीजों की इस महामारी ने जान ले ली है। केंद्र सरकार द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक, भारत में अब तक कुल मामलों की संख्या 50,20,360 हो गई है। अगर एक्टिव केस की बात करें तो यह आंकड़ा 9,95,933 है। देश में अब तक 39,42,361 ने कोरोना को मात दे दी है। ये या तो स्वस्थ हो चुके हैं या फिर इन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है। वहीं, इस महामारी ने 82,066 मरीजों की जान ले ली है।

View More...

स्वास्थ्य मंत्रालय का कोरोना मरीजों के लिए नया प्रोटोकॉल जारी, इन चीजों का सेवन करने की दी सलाह

Date : 14-Sep-2020

नई दिल्ली (एजेंसी)। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने आज कोरोना को लेकर नया प्रोटोकॉल जारी किया है। इसमें लोगों को च्यवनप्राश खाने के साथ-साथ योगासन और प्राणायाम की सलाह दी गई है। साथ ही लोगों को टहलने और मास्क के इस्तेमाल के साथ-साथ सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने के लिए कहा गया है।

स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय ने मरीजों से पर्याप्त मात्रा में गर्म पानी पीने की सलाह दी है। साथ ही आयुष मंत्रालय के द्वारा बताई गई इम्‍युनिटी बढ़ाने वाली दवाओं का भी सेवन करने के लिए भी कहा है।

ठीक होने के बाद क्‍या करें ?, क्‍या न करें ? –

नियमित च्यवनप्राश खाने की सलाह

प्रोटोकॉल में लोगों को योगासन, प्राणायाम करने के साथ-साथ नियमित च्यवनप्राश खाने की भी सलाह दी गई है। इसके साथ ही लोगों को वॉक करने मास्क लगाए रखने की बात कही गई है। इसके साथ ही लोगों से सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने के लिए कहा गया है। साथ ही मरीजों को गर्म पानी पीने की सलाह दी गई है। इस दौरान इम्युनिटी को बढ़ाए रखने के लिए आयुष मंत्रालय द्वारा बताई गई दवाओं के सेवन करने के लिए कहा गया है। सुबह और शाम को गर्म दूध में एक चम्‍मच हल्‍दी मिलाकर पीने के लिए कहा गया है।

घर पर या ऑफिस का काम धीरे-धीरे शुरू करें

कोरोना वायरस से उबरने वाले मरीजों को सलाह देते हुए मंत्रालय ने प्रोटोकॉल में कहा है कि घर पर या ऑफिस का काम धीरे-धीरे शुरू करें, पूरी नींद लें, थकान महसूस होने पर आराम करें। इसके साथ ही नियमित योगासन, प्राणायाम और मेडिटेशन करते रहें।’

शराब और सिगरेट का न करें सेवन

कोरोना मरीजों को स्वास्थ्य संबंधी सलाह देते हुए मंत्रालय ने कहा डॉक्टर द्वारा बताए गए एक्सरसाइज के साथ-साथ मार्निंग और इवनिंग वॉक करें, आसानी से पचने वाला भोजन करें।’ शराब और सिगरेट का सेवन न करें। इसके साथ ही नियमित रूप से गर्म दूध या पानी के साथ एक चम्‍मच च्‍यवनप्राश का सेवन करें।

रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने वाली दवाई

1. आयुष क्‍वाथ (150ml; एक कप) रोज

2. संशमनी वटी (500 mg दिन में दो बार) या गिलोय पाउडर (1-3 ग्राम गर्म पानी के साथ) 15 दिन तक

3. अश्‍वगंधा (500 mg दिन में दो बार) या पाउडर (1 से 3 ग्राम रोज) 15 दिन तक

4. आंवला (1 रोज) या पाउडर (1 से 3 ग्राम रोज)

5. सूखी खांसी हो तो 1 से 3 ग्राम मुलेठी पाउडर गर्म पानी के साथ दिन में दो बार लें।

6. आधा चम्‍मच हल्‍दी के साथ गर्म मिल्‍क (सुबह या शाम में)

7. हल्‍की-नमक के पानी से गरारे

8. एक चम्‍मच च्‍यवनप्राश (सुबह) गर्म पानी के साथ।

कोरोना को मात देने के इन बातों का ध्‍यान ऱखें

1. कोविड से जुड़ी सावधानियों (मास्‍क, फिजिकल डिस्‍टेंसिंग, हैंड हाइजीन) का पालन करते रहें.

2. गर्म पानी पीएं

3. इम्‍युनिटी बढ़ाने वाली आयुष दवाएं लें

4. बैलेंस्‍टड डाइट लें आसानी से पचने वाला भोजन करें

5. अच्छे से नींद और आराम लें.

6. कोविड के लिए बताई गईं दवाइयां लें।

7. घर पर अपनी सेहत का ध्यान देते रहें जैसे शरीर का तापमान,ब्‍लडर प्रेशर, सुगर, पल्‍स ऑक्सिमेट्री

8. सूखी खांसी है तो नमक के पानी से गरारे करें या भाप लें

9. तेज बुखार, सांस लेने में परेशानी, ऑक्सिजन लेवल 95% से कम होने, सीने में बेवजह दर्द उठने, बेचैनी पर डॉक्‍टर से संपर्क करें

View More...

यहां जानें, ग्रीन-टी पीने का सही समय और तरीका...

Date : 14-Sep-2020

हेल्थ डेस्क (एजेंसी) ।  सिर्फ अपने देश ही नहीं अगर दुनिया के रूटीन पर नजर डालें तो ज्यादातर लोग अपने दिन की शुरुआत किसी ना किसी गर्म पेय के साथ करते हैं। इनमें भी चाय का नंबर सबसे पहला है। फिर यह चाय अलग-अलग फ्लेवर और कलर में हो सकती है। बदलते वक्त में ग्रीन-टी ज्यादातर लोगों की पसंदीदा मॉर्निंग-टी है। यहां जानें, ग्रीन-टी पीने का सही समय और तरीका...

मार्केट में उपलब्ध ग्रीन-टी के प्रकार

-बाजार में मिलनेवाली ग्रीन-टी कई अलग-अलग पैकिंग्स और फॉर्म्स में मिलती है। आप इन्हें अपनी सुविधा और पसंद के हिसाब से खरीदते हैं। लेकिन इस बारे में कम ही लोग जानते हैं कि ग्रीन-टी की सिर्फ पैकेजिंग अलग-अलग तरह से नहीं होती है। बल्कि ग्रीन-टी भी एक से अधिक प्रकार की होती है।

-पूरी दुनिया में जिस ग्रीन-टी का सबसे अधिक उपयोग किया जाता है, उसका टेक्निकल नाम सेन्चा है। इसे तैयार करते समय वही सामान्य प्रक्रिया अपनाई जाती है, जो अपने देश में आसाम और दार्जिलिंग में चाय तैयार करने के लिए अपनाते हैं।
-चाय की पत्तियों को सुखाने के लिए धूप और भाप का उपयोग किया जाता है। जरूरी प्रक्रियाओं के बाद 5 अलग-अलग तरह की पैकेजिंग के साथ इसे मार्केट में उपलब्ध कराया जाता है। इनमें, स्वीटनर ग्रीन-टी, टी-बैग, ग्रीन लीफ, ग्रीन-टी पाउडर और ग्रीन-टी सप्लिमेंट्स के रूप में उपलब्ध कराया जाता है।

ग्रीन-टी पीने का सही समय

-अगर आपको लगता है कि दिन की शुरुआत ग्रीन-टी के साथ करना लाभकारी होता है तो आप पूरी तरह सही नहीं हैं। आयुर्वेद के अनुसार, ग्रीन-टी आपके लिए सुबह की पहली ड्रिंक या नाश्ते का हिस्सा नहीं होनी चाहिए।

-बल्कि नाश्ता करने के एक घंटे बाद या लंच के कम से कम 1 घंटे बाद आप ग्रीन-टी का सेवन करें। यह आपके शरीर में जमा हुए फैट को तोडऩे का काम करेगी। साथ ही पाचनतंत्र को गति देने का काम भी करेगी।

-अन्य चाय की तरह ग्रीन-टी में भी कैफीन होता है, जो आपके शरीर को ऐक्टिव रखने में सहायता करता है। जब भी एक्सर्साइज करनी हो या वॉक पर जाना हो, उससे आधा घंटा पहले ग्रीन-टी का सेवन करने से आपको अधिक लाभ होगा।

View More...

कोरोना अपडेट : देश में मिले पिछले 24 घंटे में कोरोना के 94 हजार 372 नए कोरोना पॉजिटिव मरीज, वहीं 1 हजार 114 लोगों की मौत

Date : 13-Sep-2020

नई दिल्ली (एजेंसी)। देश में कोरोना वायरस का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। हर दिन 90 हजार से ज्यादा कोरोना संक्रमित सामने आ रहे हैं। एक बार फिर देश में कोरोना संक्रमण के 90 हजार से ज्यादा केस सामने आए हैं। पिछले 24 घंटे में कोरोना के 94,372 सामने आए हैं और 1,114 लोगों की मौत हो गई है।

देश में कोरोना संक्रमितों की संख्या बढ़कर 47 लाख के पार पहुंच गई है। कुल कोरोना संक्रमितों की संख्या 47,54,357 हो गई है। इनमें 9,73,175 मामले सक्रिय हैं। वहीं, 37,02,596 लोगों को इलाज के बाद डिस्चार्ज किया जा चुका है। कोरोना की चपेट में आकर देश में अब तक 78,586 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। देश के अलग-अलग राज्यों से कोरोना के जो आंकड़े सामने आ रहे हैं वह बेहद चिंताजनक हैं। महाराष्ट्र में अब तक कोरोना के 10,37,765 केस सामने आ चुके हैं। कोरोना प्रभावित राज्यों में महाराष्ट्र पहले नंबर पर है। राज्य में कोरोना के 2,79,768 मामले सक्रिय हैं। अब तक 7,28,512 लोगों को डिस्चार्ज किया जा चुका है और 29,115 लोगों की मौत हो चुकी है। कोरोना प्रभावित राज्यों में आंध्र प्रदेश दूसरे नंबर पर है। आंध्र प्रदेश में कोरोना के अब तक 5,57,587 मामले सामने आ चुके हैं। राज्य में 95,733 सक्रिय केस हैं और 4,57,008 लोगों को अस्पताल से इलाज के बाद छुट्टी दी जा चुकी है। अब तक 4,846 लोगों की मौत हो चुकी है।
वहीं, तमिलनाडु कोरोना प्रभावित राज्यों में तीसर ने नंबर पर है। राज्य में अब तक कोरोना के 4,97,066 केस सामने आ चुके हैं। इनमें 47,110 मामले सक्रिय हैं और 4,41,649 लोगों को डिस्चार्ज किया जा चुका है। राज्य में अब तक कोरोना से 8,307 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं।
कोरोना प्रभावित राज्यों में कर्नाटक चौथे नंबर पर पहुंच गया है। कर्नाटक में अब तक कोरोना के 4,49,551 मामले सामने आ चुके हैं। इनमें 97,815 केस सक्रिय हैं और 3,44,556 लोगों को डिस्चार्ज किया जा चुका है। राज्य में कोरोना से अब तक 7,161 लोगों की जान जा चुकी है।
उत्तर प्रदेश कोरोना प्रभावित राज्यों में पाचंवें नंबर पर है। यूपी में कोरोना के अब तक 3,05,831 मामले सामने आए हैं। प्रदेश में कोरोना के 67,955 सक्रिय मामले हैं। अब तक 2,33,527 लोगों को इलाज के बाद डिस्चार्ज किया जा चुका है। कोरोना की चपेट में आकर अब तक 4,349 लोगों की मौत हो चुकी है।

View More...

कोरोना वायरस महामारी के दौर में मास्क पहनना संक्रमण से बचने के लिए जरूरी, ज्यादा समय तक मास्क पहनने से त्वचा को हो सकती है समस्या, टिप्स के जरिए करें दूर

Date : 13-Sep-2020

हेल्थ डेस्क (एजेंसी) । कोरोना वायरस महामारी के दौर में मास्क पहनना संक्रमण से बचने के लिए जरूरी हो गया है स्वास्थ्यकर्मी मरीजों पर कुछ प्रक्रिया अपनाने के दौरान मास्क पहननते हैं लेकिन कई बार उन्हें लंबे समय तक मास्क पहनना पड़ता है जबकि अन्य लोगों को भी काम के दौरान मास्क पहनने की जरूरत होती है मास्क पहनना जब रूटीन हो जाए तो इससे आपकी स्किन को मास्कने की समस्या हो सकती है मास्कने कोविड-19 के खिलाफ मास्क के युग में नया प्रचलित टर्म बन गया है
देर तक मास्क के इस्तेमाल से खरोच, कट, लालपन, जलन, पिंपल्स की समस्या हो सकती है यहां तक कि लोशन या क्रीम लगाने से भी जलन हो जाती है

00 त्वचा की जलन का कारण फेस मास्क कैसे बनता है.
पहले, सीधे रगड़ से त्वचा के वाहक में छेड़छाड़, जलन और सूजन हो सकती है दूसरे, त्वचा से निकलनेवाला पसीना, ऑयल और बाहरी वातावरण की डस्ट मास्क में इक्ट्ठा होता रहता है क्योंकि मास्क त्वचा पर लगा रहता है इस कारण मॉइश्चर और डस्ट से जलन और खुजली जैसी समस्याएं होने लगती हैं

00सिर्फ कुछ लोगों में ही मास्क से जुड़े त्वचा के नुकसान.
आम तौर पर, त्वचा बाहरी हवा से संतुलन बिठाए रखता है जब आसपास की हवा बहुत ज्यादा शुष्क या नम हो जाती है तो किसी शख्स में स्किन की समस्या उभरने लगती है

00 लंबे समय तक मास्क पहननेवालों के लिए टिप्स.
सुनिश्चित करें कि आपका मास्क नाक और मुंह को ढंके लेकिन इतना ज्यादा टाइट भी न हो कि इससे आपकी त्वचा में खरोच आने लगे
अपने चेहरे को नर्म साबुन और पानी से दिन में दो बार धोएं
अगर आप मेडिकल पेशे से जुड़े नहीं हैं तो लंबे समय तक मास्क न लगाएं घर में मास्क को उतार दें या गैर जरूरी न पहनें
जैसे ही मास्क गीला होना शुरू हो उसे तुरंत बदल दें
अगर आप कहीं लंबे समय के लिए जा रहे हैं तो अपने साथ अतिरिक्त मास्क को साथ में रखें घर पहुंचने पर इस्तेमाल किए हुए मास्क को प्लास्टिक बैग में इकट्ठा रखें
कॉटन फेस मास्क को गर्म पानी और कपड़े धोनेवाले साबुन से साफ करें कम एलर्जी पैदा करनेवाले मॉइस्चराइजर की मोटी परत मास्क पहनने और और उतारने के बाद लगाएं
मास्क लगाते समय मरहम आधारित मॉइस्चराइजर को नजरअंदाज करें क्योंकि इससे ऑयली और पसीने के इकट्ठा होने का खतरा रहता है

View More...

मौसम में बदलाव, वायरल फीवर के बढ़े मरीज, निजी अस्पतालों में पांव रखने की जगह नहीं

Date : 12-Sep-2020

रायपुर। क्वांर के महीने में उमस के बीच समय समय पर हो रही खंड वर्षा के चलते मौसम में आए बदलाव के कारण नमी एवं उमस के चलते आए दिन लोग बीमार पड़ रहे हैं। कोरोना वायरस कोविड 19 की महामारी के चलते शहर के अधिकतम हास्पिटल इन दिनों फुल चल रहे हैं।

निजी चिकित्सा संस्थानों में भी कोरोना के अलावा अन्य बीमारियों के इलाज के लिए न तो वहां के चिकित्सकों के पास समय है और न ही पर्याप्त मात्रा में भर्ती के लिए वार्ड में स्थान रिक्त है। ऐसी स्थिति में मेकाहारा जिला अस्पताल एम्स सहित शहर के सभी छोटे-बड़े चिकित्सा संस्थानों में ग्रामीण क्षेत्रों से आ रहे मरीज वापस किये जा रहे हैं। संक्रामक बीमारी के दौर में दिल्ली से एक स्वयंसेवी स्वास्थ्य संगठन से मिली जानकारी के अनुसार ये स्थिति लंबे समय तक जारी रहेगी।

वहीं एम्स हास्पिटल दिल्ली  ने राज्यों को कोरोना के खतरे के साथ ही आने वाली शीत ऋतु में डेंगू और मलेरिया के प्रकोप से चिकित्सकों के मार्गदर्शन में आवश्यक सावधानी बरतने का आग्रह किया है। अन्य बीमारियों में हड्डियों में दर्द, डायरिया, उल्टी, दस्त एवं मस्तिष्क एवं दिल से संबंधित बीमारियों के साथ ही हृदय रोग के मरीजों को मौसम में आए बदलाव के कारण जहां तकलीफों का सामना करना पड़ रहा है वहीं आरटीआई कार्यकर्ता डॉ. चंद्रमणी तिवारी ने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से कोविड 19 वार्ड के अलावा अन्य मरीजों की चिकित्सा के लिए भी तत्काल प्रभाव से उचित व्यवस्था करने का आग्रह किया है।

निजी चिकित्सा संस्थानों में भी मिली जानकारी के अनुसार पूरे अस्पताल को कोविड 19 में परिवर्तित करने में मेडिकल संचालकों को कठिनाईयों का सामना करना पड़ रहा है। डॉ. आरडी अग्रवाल के अनुसार शहर के सभी अस्पतालों को शासन द्वारा कोविड 19 के संक्रमण को रोकने के लिए अधिग्रहित किया जाता है तो अन्य मरीजों को बीमारियों के गंभीर खतरे का सामना करना पड़ेगा। डॉ. मंजू शुक्ला एवं डॉ. मीनाक्षी तारे के अनुसार निजी चिकित्सा संस्थानों के कुछ वार्डों को ही कोरोना वायरस की रोकथाम के लिए आइसोलेटेड किया जाना चाहिए ताकि अन्य मरीजों को भी विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा उनकी बीमारी का त्वरित उपचार मिल सके। 

View More...
Previous1234567Next