मन की बात’ के 125वें एपिसोड का हुआ प्रसारण, मुख्यमंत्री सहित कई नेता हुए शामिल

रायपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के चर्चित मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ की 125वीं कड़ी का सीधा प्रसारण नवा रायपुर में स्थित डॉ. श्यामा प्रसाद उद्योग एवं व्यापार परिसर के कन्वेंशन सेंटर में हुआ। इस कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय समेत कई वरिष्ठ मंत्री और जनप्रतिनिधि मौजूद थे। इनमें खाद्य मंत्री दयालदास बघेल, उद्योग मंत्री लखन देवांगन, राजस्व मंत्री टंक राम वर्मा, कौशल विकास एवं रोजगार मंत्री गुरु खुशवंत साहेब, विधायक इंद्र कुमार साहू और छत्तीसगढ़ राज्य औद्योगिक विकास निगम के अध्यक्ष राजीव अग्रवाल शामिल थे। इस दौरान बड़ी संख्या में आम नागरिक भी उपस्थित रहे।
प्राकृतिक आपदा और खेलों पर प्रधानमंत्री का संदेश
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि जब भी कोई प्राकृतिक आपदा आती है, तो देशवासी एक-दूसरे की मदद के लिए जिस तरह एकजुट होते हैं, वही हमारी असली ताकत है। उन्होंने इसे भारतीय संस्कृति और सामूहिक चेतना का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बताया। उन्होंने कहा कि विपत्ति के समय दिखाई गई एकजुटता और सहयोग भारत की पहचान को परिभाषित करता है।
प्रधानमंत्री ने खेल-कूद के महत्व पर भी ज़ोर दिया। उन्होंने बताया कि खेल सिर्फ शरीर को स्वस्थ नहीं रखते, बल्कि आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता को भी बढ़ाते हैं। उन्होंने देश के युवाओं से खेलों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने का आह्वान किया ताकि वे अपने जीवन के साथ-साथ देश को भी नई ऊर्जा दे सकें।
मुख्यमंत्री ने की ‘मन की बात’ और राज्य के विकास की बात
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने ‘मन की बात’ कार्यक्रम की प्रशंसा करते हुए कहा कि यह हर महीने छत्तीसगढ़ के लोगों में नई ऊर्जा और प्रेरणा भरता है। उन्होंने इस कार्यक्रम को समाज के हर वर्ग में सकारात्मक सोच और राष्ट्रीय चेतना को बढ़ावा देने वाला बताया।
हाल ही में अपनी जापान और दक्षिण कोरिया यात्रा का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री साय ने कहा कि इन देशों के साथ हुए सहयोग और निवेश से राज्य के युवाओं के लिए नए अवसर पैदा होंगे। उन्होंने बताया कि कौशल विकास, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे क्षेत्रों में हुए समझौतों से छत्तीसगढ़ में रोजगार का एक नया दौर शुरू होगा।
विकसित छत्तीसगढ़ के लिए सामूहिक प्रयास
मुख्यमंत्री ने छत्तीसगढ़ की रजत जयंती (25वां वर्ष) का जिक्र करते हुए कहा कि एक विकसित छत्तीसगढ़ का सपना तभी पूरा हो सकता है जब हर नागरिक अपनी जिम्मेदारी ईमानदारी से निभाए। उन्होंने जोर देकर कहा कि सरकार और जनता के साझा प्रयासों से ही राज्य को विकास की नई ऊँचाइयों पर ले जाया जा सकता है।
अपने संबोधन के आखिर में उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का हर संदेश नागरिकों के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने सभी से सामूहिक भागीदारी के साथ एक समृद्ध और स्वच्छ छत्तीसगढ़ के निर्माण में सक्रिय योगदान देने का आग्रह किया।
















