मिलावटी खाद्य पदार्थों पर प्रशासन का कड़ा प्रहार, भारी मात्रा में नकली पनीर जब्त

रायपुर। राजधानी में आम जनता की सेहत से खिलवाड़ करने वाले मिलावटखोरों के खिलाफ खाद्य विभाग ने अपनी मुस्तैद बढ़ा दी है। हाल ही में खाद्य एवं औषधि प्रशासन की टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए लगभग 1700 किलो संदिग्ध पनीर और खोवा जब्त किया है।
छापेमारी और जब्ती की मुख्य बातें
अस्वच्छ निर्माण: रायपुर के भाठागांव स्थित ‘के.एल.पी. डेयरी एवं मिल्क प्रोडक्ट’ पर दबिश के दौरान पाया गया कि वहां पनीर का निर्माण बेहद गंदगी और अस्वास्थ्यकर परिस्थितियों में किया जा रहा था।
बड़ी रिकवरी: विभाग ने मौके से करीब 4.76 लाख रुपये मूल्य का 1700 किलोग्राम पनीर जब्त किया है।
नमूना परीक्षण: जब्त किए गए खाद्य पदार्थों के सैंपल लैब भेज दिए गए हैं। रिपोर्ट आने के बाद संबंधित डेयरी संचालक पर कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुरानी कार्रवाई: साल 2025 से अब तक विभाग ने पनीर के 35 नमूने जांच के लिए भेजे हैं, जिनमें से मानक पर खरे न उतरने वाले स्टॉक को पहले ही नष्ट किया जा चुका है।
कानूनी शिकंजा और हेल्पलाइन
खाद्य विभाग के अधिकारियों के अनुसार, अब तक मिलावटखोरी से जुड़े 10 मामले न्यायालय में भेजे जा चुके हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि डेयरी उत्पादों की शुद्धता सुनिश्चित करने के लिए यह अभियान निरंतर जारी रहेगा।
सतर्क रहें: यदि आपको कहीं भी मिलावटी खाद्य पदार्थ बनने या बिकने की सूचना मिलती है, तो आप छत्तीसगढ़ खाद्य एवं औषधि प्रशासन के हेल्पलाइन नंबर 9340597097 पर शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
















