मसूड़ों की सूजन और पायरिया : कारण, लक्षण और आसान घरेलू उपचार

हेल्थ न्युज (एजेंसी)। आज के दौर में खान-पान की गलत आदतों और बाजार में मिलने वाले रसायनों से भरे टूथपेस्ट के कारण दाँतों की समस्याएँ बहुत बढ़ गई हैं। दाँत दर्द, मसूड़ों में सूजन और पायरिया जैसी परेशानियाँ अब आम हो चुकी हैं। यदि इन पर समय रहते ध्यान न दिया जाए, तो दाँत समय से पहले ही कमजोर होकर टूटने लगते हैं।
क्या है पायरिया और इसके लक्षण?
पायरिया मसूड़ों से जुड़ी एक गंभीर बीमारी है जो मुख्य रूप से दाँतों की स्वच्छता में कमी के कारण होती है। जब हम कुछ भी खाने के बाद दाँतों को ठीक से साफ नहीं करते, तो बैक्टीरिया मसूड़ों को नुकसान पहुँचाने लगते हैं।
मुख्य लक्षण:
ब्रश करते समय मसूड़ों से खून आना।
मसूड़ों में दर्द और सूजन महसूस होना।
साँसों से लगातार बदबू आना।
दाँतों का पीला पड़ना और मसूड़ों से मवाद निकलना।
गंभीर स्थिति में दाँतों की हड्डियों का गलना और दाँतों का हिलना।
पायरिया से बचाव और उपचार के तरीके
पायरिया को शुरुआती चरण में कुछ अच्छी आदतों और घरेलू नुस्खों से नियंत्रित किया जा सकता है:
स्वच्छता का रखें ध्यान: दिन में दो बार ब्रश करना अनिवार्य है। विशेष रूप से रात को सोने से पहले ब्रश जरूर करें ताकि रात भर मुँह में बैक्टीरिया न पनपें। ध्यान रहे कि ब्रश करने के बाद कुछ भी न खाएं।
प्रभावी घरेलू नुस्खे:
उपाय, विधि और लाभ
नमक और सरसों तेल,सरसों के तेल में थोड़ा नमक मिलाकर दाँतों और मसूड़ों की मालिश करें। यह पायरिया के प्रभाव को कम करने में बहुत कारगर है।
नींबू का रस,नींबू में एंटी-बैक्टीरियल गुण होते हैं। इसके इस्तेमाल से संक्रमण कम होता है और सूजन में राहत मिलती है।
जामुन की छाल,जामुन की छाल का काढ़ा बनाकर कुल्ला करने से मसूड़ों की बीमारियाँ दूर होती हैं।
नीम का उपयोग,नीम की दातून या नीम का तेल मसूड़ों के इन्फेक्शन को खत्म करने का प्राकृतिक तरीका है।
अस्वीकरण: यह जानकारी केवल सामान्य जागरूकता के लिए है। दाँतों की किसी भी गंभीर समस्या या लंबे समय से चल रहे दर्द के लिए पेशेवर डेंटिस्ट (दंत चिकित्सक) से सलाह अवश्य लें।
















