सर्दियों में वरदान है आंवला : सेहत और चमकती त्वचा के लिए किसी औषधि से कम नहीं

हेल्थ न्युज (एजेंसी)। सर्दियों के मौसम में प्रकृति हमें कई ऐसे उपहार देती है जो हमारी सेहत के लिए सुरक्षा कवच का काम करते हैं। इन्हीं में से एक है आंवला। आयुर्वेद में इसे ‘अमृतफल’ माना गया है क्योंकि यह पोषक तत्वों का भंडार है। विटामिन C के अलावा इसमें फाइबर, आयरन, कैल्शियम, और ओमेगा-3 जैसे जरूरी तत्व प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं।
आइए जानते हैं कि रोजाना एक आंवला आपकी सेहत को किस तरह बदल सकता है:
- दिल की सेहत का रक्षक
आंवला विटामिन C का बेहतरीन स्रोत है, जो धमनियों (blood vessels) को स्वस्थ रखता है। इसके नियमित सेवन से शरीर में जमा होने वाले खराब कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मदद मिलती है, जिससे एथेरोस्क्लेरोसिस जैसी हृदय रोगों का खतरा काफी कम हो जाता है।
- ब्लड शुगर पर नियंत्रण
मधुमेह (Diabetes) के रोगियों के लिए आंवला किसी दवा से कम नहीं है। इसमें क्रोमियम पाया जाता है, जो इंसुलिन के प्रति शरीर की प्रतिक्रिया को बेहतर बनाता है और ब्लड शुगर लेवल को प्राकृतिक रूप से नियंत्रित करने में सहायता करता है।
- त्वचा के लिए कुदरती निखार
अगर आप मुँहासों या बेजान त्वचा से परेशान हैं, तो आंवला आपका सबसे अच्छा दोस्त है। यह रक्त को साफ (Blood Purify) करने का काम करता है, जिससे चेहरे के दाग-धब्बे दूर होते हैं और त्वचा में अंदरूनी चमक आती है।
- मुंह के छालों और मसूड़ों में राहत
जिन लोगों को बार-बार मुंह में छाले होने की शिकायत रहती है, उनके लिए आंवले का रस रामबाण है। इसके साथ ही, यह मसूड़ों को मजबूती देता है और दांतों की सड़न को रोकने में भी मददगार है।
- मजबूत रोग प्रतिरोधक क्षमता
बदलते मौसम में बार-बार बीमार पड़ने से बचना है तो अपनी डाइट में आंवला जरूर शामिल करें। इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स शरीर की इम्युनिटी बढ़ाते हैं, जिससे सर्दी-खांसी और संक्रमण से लड़ने की शक्ति मिलती है।
विशेष सुझाव: आंवला का सेवन मुरब्बा, जूस, चूर्ण या कच्चे फल के रूप में किया जा सकता है। हालांकि, किसी भी गंभीर बीमारी की स्थिति में इसे डाइट में शामिल करने से पहले विशेषज्ञ या डॉक्टर की सलाह अवश्य लें।
















