मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना : मीना महंत को मिला नया जीवन, परिवार ने माना आभार

सक्ती। सक्ती जिले के ग्राम कोंमो की रहने वाली श्रीमती मीना महंत के लिए साल 2026 की शुरुआत किसी बड़ी चुनौती से कम नहीं थी। जून के महीने में उन्हें अचानक दिल का दौरा (हार्ट अटैक) पड़ा, जिसके बाद परिजनों ने उन्हें तुरंत स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया। शुरुआती जांच के बाद डॉक्टरों ने बताया कि उनके हृदय की नस में ‘ब्लॉकज’ है और बेहतर इलाज के लिए उन्हें रायपुर स्थित मेकाहारा (डॉ. बी.आर. अंबेडकर स्मृति चिकित्सालय) रेफर कर दिया गया।
आर्थिक तंगी और टूटती उम्मीदें
मेकाहारा में गहन जांच के बाद विशेषज्ञों ने हृदय की सर्जरी की सलाह दी, जिसका अनुमानित खर्च लगभग 5 लाख रुपये बताया गया। एक संयुक्त परिवार और सीमित आय होने के कारण मीना महंत के पति, श्री जगन्नाथ दास के लिए इतनी बड़ी राशि जुटा पाना असंभव था।
“हमारी आर्थिक स्थिति ऐसी नहीं थी कि हम लाखों रुपये का खर्च उठा सकें। हमें लगने लगा था कि अब मीना कभी स्वस्थ नहीं हो पाएंगी और हमने एक तरह से उम्मीद ही छोड़ दी थी।” — जगन्नाथ दास
संकट के समय मुख्यमंत्री की संवेदनशीलता
जब परिवार पूरी तरह हताश हो चुका था, तब उन्हें ‘मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना’ के बारे में पता चला। जगन्नाथ दास ने मेकाहारा के डॉक्टरों से इलाज का एस्टीमेट तैयार करवाया और सीधे मुख्यमंत्री निवास जाकर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय से मदद की गुहार लगाई।
मुख्यमंत्री ने मामले की गंभीरता और परिवार की दयनीय स्थिति को देखते हुए तुरंत संज्ञान लिया। उनके निर्देश पर सर्जरी के लिए आवश्यक राशि को तत्काल स्वीकृति प्रदान की गई।
सफल ऑपरेशन और खुशहाल वापसी
शासकीय सहायता मिलने के बाद श्रीमती मीना महंत का सफल ऑपरेशन संपन्न हुआ। अब वे पूरी तरह स्वस्थ हैं और अपने परिवार के बीच लौट आई हैं। एक माँ और दादी के रूप में वे फिर से अपने घर की खुशियों का आधार बन गई हैं।
पीड़ित परिवार ने इस मानवीय मदद के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य में चल रहे सुशासन की वजह से ही उनके जैसे गरीब परिवार की खुशियाँ लौट पाई हैं।
















