हरदी गांव के तालाब में दिखा मगरमच्छ, वन विभाग ने सुरक्षित निकाला

बलौदाबाजार। जिले के बार नवापारा वन परिक्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम हरदी में उस समय खलबली मच गई, जब ग्रामीणों ने स्थानीय निस्तार तालाब में एक मगरमच्छ देखा। सामान्य तौर पर मछली पकड़ने के लिए जाल डालने गए ग्रामीणों के होश तब उड़ गए जब जाल में मछली की जगह एक मगरमच्छ फंस गया।
ग्रामीणों ने बिना डरे और सूझबूझ का परिचय देते हुए तत्काल इसकी जानकारी वन विभाग को दी। सूचना मिलते ही वन अमला सक्रिय हुआ और विशेषज्ञों की मौजूदगी में सफलतापूर्वक रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया।
रेस्क्यू और पुनर्वास की प्रक्रिया
वनमंडलाधिकारी (DFO) गणवीर धम्मशील के निर्देशन में टीम ने मगरमच्छ को तालाब से सुरक्षित बाहर निकाला। रेस्क्यू के बाद मगरमच्छ का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। स्थानीय जल निकाय में सुरक्षा को देखते हुए, वन्यजीव विशेषज्ञों की सलाह पर उसे जंगल सफारी, नवा रायपुर भेज दिया गया है, ताकि उसे एक सुरक्षित और प्राकृतिक रहवास मिल सके।
तालाब में कहाँ से आया मगरमच्छ?
इस घटना ने क्षेत्र में कौतूहल पैदा कर दिया है। मामले पर जानकारी देते हुए डीएफओ ने बताया:
कुछ वर्षों पूर्व बार नवापारा में क्रोकोडाइल पार्क प्रस्तावित था, जिसके लिए मगरमच्छ लाए गए थे।
आशंका है कि उस दौरान अंडों से निकले छोटे शावक बहकर आसपास के जलाशयों में पहुँच गए होंगे।
अब समय बीतने के साथ वे बड़े हो गए हैं और रिहायशी इलाकों के करीब दिखने लगे हैं।
वन विभाग ने ग्रामीणों की तत्परता की सराहना की है, क्योंकि उनकी सतर्कता की वजह से किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना नहीं हुई और वन्यजीव को भी सुरक्षित बचाया जा सका।
















