ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों तक बेहतर स्वास्थ्य सेवा पहुँचाने में फैमिली मेडिसिन के डॉक्टर बनेंगे आधार : श्याम बिहारी जायसवाल

रायपुर। राजधानी के सर्किट हाउस में हाल ही में क्रिश्चियन मेडिकल कॉलेज (CMC), वेल्लोर द्वारा संचालित ‘पी.जी. डिप्लोमा इन फैमिली मेडिसिन’ के दीक्षांत समारोह का आयोजन किया गया। इस गौरवपूर्ण अवसर पर छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल मुख्य अतिथि के रूप में सम्मिलित हुए और पाठ्यक्रम पूर्ण करने वाले चिकित्सकों को प्रमाण-पत्र वितरित किए।
स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण पर जोर
समारोह को संबोधित करते हुए स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि चिकित्सा के क्षेत्र में समर्पण और निरंतर सीखना ही सफलता की कुंजी है। उन्होंने इस बात पर विशेष बल दिया कि फैमिली मेडिसिन का यह प्रशिक्षण डॉक्टरों की दक्षता को एक नया आयाम देगा।
मंत्री जी के संबोधन के मुख्य बिंदु:
अंतिम व्यक्ति तक पहुँच: प्रशिक्षित डॉक्टर अब समाज के उस अंतिम व्यक्ति तक गुणवत्तापूर्ण इलाज पहुँचाने में सक्षम होंगे, जो अक्सर मुख्यधारा की स्वास्थ्य सेवाओं से वंचित रह जाता है।
व्यावहारिक कौशल का महत्व: संस्थान से प्राप्त व्यावहारिक ज्ञान प्रदेश की स्वास्थ्य प्रणाली को और अधिक मजबूत और विश्वसनीय बनाने में सहायक सिद्ध होगा।
भविष्य की नींव: यह डिप्लोमा केवल एक शैक्षणिक उपलब्धि नहीं है, बल्कि यह आम जनता के प्रति सेवा भाव को और प्रगाढ़ करने का एक माध्यम है।
चिकित्सकों को दी बधाई
स्वास्थ्य मंत्री ने सभी सफल डिप्लोमा धारकों को उनकी मेहनत और उपलब्धि के लिए बधाई दी। उन्होंने आशा व्यक्त की कि ये डॉक्टर आने वाले समय में प्रदेश के स्वास्थ्य ढांचे को सुदृढ़ करने में अग्रणी भूमिका निभाएंगे। समारोह में स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और चिकित्सा जगत के विशेषज्ञ भी उपस्थित रहे।
“डॉक्टरों द्वारा अर्जित यह विशेष कौशल प्रदेश के दूरदराज के इलाकों में प्राथमिक चिकित्सा को बेहतर बनाने में एक मील का पत्थर साबित होगा।”
















