ट्रैफिक जाम से मिलेगी मुक्ति : गांधी उद्यान से एक्सप्रेस-वे तक रायपुर का पहला 6-लेन फ्लाईओवर

रायपुर। रायपुर के निवासियों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है! शहर को जल्द ही ट्रैफिक जाम की समस्या से बड़ी राहत मिलने वाली है। रायपुर में गांधी उद्यान से तेलीबांधा चौक तक एक्सप्रेस-वे को जोड़ने वाला 6-लेन फ्लाईओवर बनने जा रहा है।
180 करोड़ की लागत से निर्माण
इस महत्वकांक्षी परियोजना की अनुमानित लागत लगभग ₹180 करोड़ है। यह सिक्स-लेन फ्लाईओवर यातायात के सुगम संचालन के लिए डिज़ाइन किया गया है, जिसमें आने वाले वाहनों के लिए 3 लेन और जाने वाले वाहनों के लिए 3 लेन होंगी। लोक निर्माण विभाग (PWD) ने इसके लिए विस्तृत ड्राइंग और डिज़ाइन तैयार कर लिया है।
स्वीकृति के लिए भेजा गया डिज़ाइन
लोक निर्माण विभाग ने इस सिक्स-लेन फ्लाईओवर की ड्राइंग और डिज़ाइन राज्य सरकार के पास अनुमोदन (अप्रूवल) के लिए भेजी है। जैसे ही सरकार से इसे मंज़ूरी मिल जाएगी, फ्लाईओवर के निर्माण के लिए निविदा (टेंडर) प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। पीडब्ल्यूडी अधिकारियों के मुताबिक, फ्लाईओवर की सभी प्रारंभिक तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। यह फ्लाईओवर राजधानी रायपुर का पहला छह-लेन फ्लाईओवर होगा।
फ्लाईओवर के लाभ
वर्तमान में, भगत सिंह चौक से तेलीबांधा चौक तक सुबह 8 बजे से रात 11 बजे तक रोज़ाना 80 हज़ार से अधिक छोटे-बड़े वाहन गुजरते हैं। इनमें प्रमुख रूप से नवा रायपुर, एयरपोर्ट और आरंग जाने वाले वाहन शामिल होते हैं।
वाहनों की इतनी बड़ी संख्या के कारण इस मार्ग पर लगातार यातायात का दबाव बना रहता है। इस फ्लाईओवर के निर्माण से ट्रैफिक से बड़ी राहत मिलेगी।
फिलहाल, भगत सिंह चौक से एक्सप्रेस-वे तक लगभग 300 मीटर की दूरी पर तीन सिग्नल हैं। भारी ट्रैफिक के कारण इन सिग्नलों पर अक्सर वाहनों की लंबी कतारें लग जाती हैं। फ्लाईओवर बनने के बाद यह समस्या समाप्त हो जाएगी और यात्रियों का लगभग 10 मिनट का समय बचेगा।
तीन साल पहले मिली थी मंज़ूरी
इस फ्लाईओवर को सरकार ने तीन साल पहले अपने बजट में स्वीकृति दे दी थी। स्वीकृति मिलने के बाद, पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों ने एक साल पहले मिट्टी परीक्षण (स्वाइल टेस्टिंग) करवाकर फाइल मुख्यालय भेजी थी। विभाग द्वारा कई बार पत्र लिखे जाने के बाद, अब PWD ने इस परियोजना को आगे बढ़ाते हुए सरकार को ड्राइंग डिज़ाइन भेजी है।
















