बिज़नेस

आज से जेब पर भारी पड़ेगी दवाइयां : पेनकिलर से लेकर शुगर-BP की 900 दवाएं हुईं महंगी

नई दिल्ली (एजेंसी)। नए वित्त वर्ष की शुरुआत के साथ ही आम जनता के घरेलू बजट पर एक और बोझ बढ़ने वाला है। राष्ट्रीय औषधि मूल्य निर्धारण प्राधिकरण (NPPA) के दिशा-निर्देशों के अनुसार, आज से 900 से अधिक आवश्यक दवाओं की कीमतों में वृद्धि लागू हो गई है। इसका सीधा असर बुखार, संक्रमण, हृदय रोग और मधुमेह जैसी बीमारियों के इलाज पर पड़ेगा।

क्यों और कितनी बढ़ीं कीमतें?

दवाओं की कीमतों में यह बदलाव सालाना थोक मूल्य सूचकांक (WPI) में बदलाव और उत्पादन लागत के आधार पर किया गया है। थोक और खुदरा बाजारों में दवाओं की दरें लगभग 10% से 12% तक बढ़ सकती हैं।

पुराना स्टॉक बनाम नया स्टॉक: बाजार में लगभग 80% नया स्टॉक पहले ही आ चुका है, जिस पर नई एमआरपी (MRP) छपी है।

कीमतों का अंतर: उदाहरण के तौर पर, जिस दवा की कीमत पहले ₹80 थी, अब वह ₹90 से ₹95 के बीच मिलेगी। वहीं, ₹100 वाली दवा की कीमत बढ़कर ₹115 तक जा सकती है।

कंपनियों की तैयारी: अधिकांश फार्मा कंपनियों ने जनवरी 2026 से ही दवाओं के नए बैच तैयार करना शुरू कर दिए थे, ताकि अप्रैल से नई कीमतें प्रभावी हो सकें।

युद्ध नहीं, ‘रूटीन’ है यह बढ़ोतरी

बाजार विशेषज्ञों और थोक विक्रेताओं का कहना है कि वैश्विक स्तर पर चल रहे युद्ध (जैसे ईरान-इराक या अमेरिका संबंधी तनाव) का इन कीमतों से कोई सीधा संबंध नहीं है। यह फार्मा कंपनियों की एक वार्षिक प्रक्रिया है, जिसके तहत अप्रैल के पहले सप्ताह तक नई दरों वाला स्टॉक पूरी तरह से बाजार में उपलब्ध हो जाता है।

कौन सी दवाएं हुईं महंगी?

दैनिक जीवन और गंभीर बीमारियों में उपयोग होने वाली दवाओं की एक लंबी सूची इस महंगाई की चपेट में है:

सामान्य उपचार: पैरासिटामोल (बुखार), एंटीबायोटिक्स और दर्द निवारक दवाएं।

क्रोनिक बीमारियां: शुगर (मधुमेह), ब्लड प्रेशर, लिवर और पेट से संबंधित दवाएं।

सप्लीमेंट्स: विटामिन, मिनरल्स और एनीमिया (खून की कमी) के इलाज में उपयोग होने वाली दवाएं।

विशेष नोट: थोक व्यापारियों के अनुसार, पुराने स्टॉक को अभी भी पुरानी कीमतों पर ही बेचा जा रहा है, लेकिन नया स्टॉक आने के बाद मरीजों और उनके परिजनों को अतिरिक्त भुगतान करना होगा।

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button