मुख्यधारा में वापसी : डिप्टी सीएम विजय शर्मा के आवास पर पूर्व नक्सलियों का भव्य स्वागत

रायपुर। छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद को छोड़कर समाज की मुख्यधारा में शामिल हुए व्यक्तियों के लिए गुरुवार की शाम बेहद खास रही। प्रदेश के उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने अपने रायपुर स्थित आवास पर लगभग 125 आत्मसमर्पित नक्सलियों के लिए रात्रिभोज (डिनर) का आयोजन किया।
संवाद और आत्मीयता का संगम
इस कार्यक्रम के दौरान डिप्टी सीएम ने न केवल पुनर्वासित भाई-बहनों के साथ बैठकर भोजन किया, बल्कि उनसे सीधा संवाद भी किया। उन्होंने आत्मीयता के साथ सभी का कुशलक्षेम पूछा और उनके रायपुर भ्रमण के अनुभवों को जाना।
संवाद की झलक: बातचीत के दौरान जब विजय शर्मा ने एक व्यक्ति से शहर आगमन के बारे में पूछा, तो उसने बताया कि वह दो दिन पहले ही रायपुर पहुँचा है।
सोशल मीडिया पर साझा किया अनुभव: इस मुलाकात का एक वीडियो फेसबुक पर साझा करते हुए उपमुख्यमंत्री ने लिखा कि “लाल आतंक का रास्ता छोड़कर लौटे भाई-बहनों का मेरे निवास पर स्वागत हुआ।”
लोकतंत्र के मंदिर का दीदार
पुनर्वास प्रक्रिया के तहत इन पूर्व नक्सलियों को लोकतांत्रिक प्रणाली से परिचित कराने के लिए आज, शुक्रवार को छत्तीसगढ़ विधानसभा का भ्रमण कराया जाएगा। संभावना है कि ये सभी विधानसभा की कार्यवाही को करीब से देखेंगे और संसदीय लोकतंत्र की कार्यप्रणाली को समझेंगे।
नक्सलवाद के खात्मे की ओर बढ़ते कदम
गृह मंत्री विजय शर्मा ने विधानसभा में जानकारी साझा करते हुए राज्य में पुनर्वास नीति की सफलता के कुछ महत्वपूर्ण आंकड़े प्रस्तुत किए:
विवरण, सांख्यिकी
कुल पुनर्वासित नक्सली,”2,937″
इनामी नक्सलियों की संख्या,”1,496″
कुल इनाम राशि (वितरित/घोषित),5.64 करोड़ रुपये
महत्वपूर्ण समय सीमा: उल्लेखनीय है कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नक्सलवाद को पूरी तरह समाप्त करने के लिए 31 मार्च 2026 की समय सीमा निर्धारित की है। हाल ही में बड़े कमांडर ‘देवजी’ के आत्मसमर्पण को इस दिशा में एक बड़ी सफलता माना जा रहा है। अब इस लक्ष्य को पूरा करने में लगभग एक महीने का समय शेष है।
















