शेयर बाजार में हाहाकार : ग्लोबल टेंशन और महंगे तेल ने सेंसेक्स को 1100 अंक नीचे पटका

नई दिल्ली (एजेंसी)। भारतीय शेयर बाजार के लिए सप्ताह की शुरुआत किसी बुरे सपने जैसी रही। सोमवार को बाजार खुलते ही निवेशकों में अफरातफरी मच गई और प्रमुख सूचकांक ताश के पत्तों की तरह ढह गए। वैश्विक बाजारों से मिल रहे नकारात्मक संकेतों के चलते बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का सेंसेक्स 1100 अंकों से अधिक की भारी गिरावट के साथ खुला। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) के निफ्टी में भी 300 अंकों से ज्यादा की सेंध लगी।
बाजार का हाल: ओपनिंग बेल के साथ ही क्रैश
कारोबार की शुरुआत होते ही बाजार में बिकवाली का भारी दबाव देखा गया:
सेंसेक्स: पिछले बंद (73,583) के मुकाबले गिरकर 72,565 पर खुला और कुछ ही पलों में 72,391 के निचले स्तर तक जा पहुंचा।
निफ्टी: शुक्रवार के 22,819 के स्तर से फिसलकर 22,470 के स्तर पर कारोबार करता देखा गया।
इन शेयरों में मची सबसे ज्यादा खलबली
आज की गिरावट में सबसे बड़ा हाथ बैंकिंग सेक्टर का रहा। दिग्गज बैंकों के शेयरों में भारी बिकवाली हुई:
Axis Bank: लगभग 4% की गिरावट
Kotak Bank: 3% नीचे
HDFC Bank: 2.50% की गिरावट
ICICI & SBI: 1% से 1.70% तक टूटे
बैंकिंग के अलावा Bajaj Finance और Bharti Airtel जैसे लार्जकैप शेयरों में भी कमजोरी दर्ज की गई।
क्यों डूबा बाजार? गिरावट के 3 प्रमुख कारण
शेयर बाजार में आए इस भूचाल के पीछे तीन मुख्य वजहें मानी जा रही हैं:
- वैश्विक बाजारों में कोहराम: एशियाई बाजारों से सुबह ही खतरे के संकेत मिलने लगे थे। जापान का निक्केई (Nikkei) 4.50% तक क्रैश हो गया, जबकि हॉन्गकॉन्ग और दक्षिण कोरिया के बाजारों में भी भारी गिरावट रही। इसका सीधा असर भारतीय सेंटीमेंट पर पड़ा।
- कच्चे तेल की कीमतों में आग: अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड (Brent Crude) की कीमतों में अचानक उछाल आया है। कच्चा तेल 116 डॉलर प्रति बैरल के पार निकल गया है, जिससे महंगाई बढ़ने का डर पैदा हो गया है।
- अमेरिका-ईरान तनाव: भू-राजनीतिक तनाव (Geopolitical Tension) इस गिरावट की सबसे बड़ी वजह है। अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते टकराव और संभावित सैन्य अभियानों की खबरों ने पूरी दुनिया के शेयर बाजारों को डरा दिया है।
















