जनजातीय कल्याण और सांस्कृतिक संरक्षण : मुख्यमंत्री साय का बड़ा संकल्प

बलौदाबाजार-भाटापारा। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने हाल ही में बलौदाबाजार-भाटापारा जिले के ग्राम ओड़ान में आयोजित ‘गोंड़वाना आदर्श सामूहिक विवाह’ कार्यक्रम में शिरकत की। बावनगढ़ आदिवासी ध्रुव गोंड़ समाज द्वारा आयोजित इस समारोह में मुख्यमंत्री ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ विवाह के बंधन में बंधे 28 नवविवाहित जोड़ों को अपना आशीर्वाद दिया और उनके सुखद भविष्य की कामना की।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने समाज के विकास के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं और विचार साझा किए:
विकास कार्यों के लिए वित्तीय सौगात
मुख्यमंत्री ने सामाजिक बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए उदारतापूर्वक घोषणाएं कीं:
कसडोल और पलारी: कंवर समाज और नगर पंचायत पलारी में सामुदायिक भवनों के निर्माण के लिए 50-50 लाख रुपये की राशि स्वीकृत की गई।
ग्राम ओड़ान: बड़ादेव ठाना में सामुदायिक भवन के लिए 25 लाख रुपये और शनि मंदिर से बड़ादेव ठाना तक सीसी रोड निर्माण को मंजूरी दी गई।
आदिवासी हितों के लिए समर्पित सरकार
मुख्यमंत्री ने आदिवासी समुदाय को ‘प्रकृति का रक्षक’ बताते हुए कहा कि जल, जंगल और जमीन के संरक्षण में उनका योगदान अतुलनीय है। उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं पर प्रकाश डाला:
धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान: इस वर्ष के बजट में इसके लिए 200 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
प्रधानमंत्री जनमन योजना: इसे जनजातीय समुदायों के सर्वांगीण विकास के लिए एक ऐतिहासिक कदम बताया गया।
मुख्यमंत्री सम्मान निधि: पारंपरिक बैगा, गुनिया और सिरहा को उनकी सेवाओं के लिए सालाना 5,000 रुपये की आर्थिक मदद दी जा रही है।
संग्राहकों की आर्थिक उन्नति और सुरक्षा
वनोपज पर निर्भर परिवारों के लिए मुख्यमंत्री ने महत्वपूर्ण सुधारों का जिक्र किया:
तेन्दूपत्ता संग्रहण की दर को 4,000 रुपये से बढ़ाकर 5,500 रुपये प्रति मानक बोरा कर दिया गया है।
संग्राहकों की सुविधा के लिए चरण पादुका वितरण योजना को दोबारा शुरू किया गया है, जिसके लिए बजट में 60 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।
सामूहिक विवाह: एक सामाजिक सुधार
श्री साय ने सामूहिक विवाह को फिजूलखर्ची रोकने और समाज को एकजुट करने का एक सशक्त माध्यम बताया। उन्होंने याद दिलाया कि हाल ही में ‘मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना’ के तहत 6,000 से अधिक जोड़ों का विवाह कराकर छत्तीसगढ़ ने गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में अपना नाम दर्ज कराया है।
इस गरिमामयी कार्यक्रम में सांसद श्रीमती कमलेश जांगड़े, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष श्री गौरीशंकर अग्रवाल और विधायक श्री संदीप साहू सहित कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
















