‘पहल’ अभियान के तहत 20.54 लाख का नशा खाक, भट्टी में जलाकर किया गया नष्ट

मुंगेली। नए साल की पूर्व संध्या पर मुंगेली पुलिस ने जिले को नशामुक्त बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। शासन के सख्त निर्देशों का पालन करते हुए, पुलिस विभाग ने भारी मात्रा में जब्त की गई नशीली सामग्री को नष्ट कर दिया। पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल के नेतृत्व में गठित एक विशेष टीम की देखरेख में इस पूरी प्रक्रिया को अंजाम दिया गया।
अभियान ‘पहल’ के तहत बड़ी कार्रवाई
जिले में नशीले पदार्थों की तस्करी और खपत को रोकने के लिए मुंगेली पुलिस ‘पहल’ नामक विशेष अभियान चला रही है। इसी के अंतर्गत विभिन्न थानों और चौकियों द्वारा कुल 14 मामलों में जब्त किए गए माल को नष्ट करने के लिए कोर्ट से औपचारिक अनुमति ली गई थी।
नष्ट की गई सामग्री का विवरण
नष्टीकरण की इस प्रक्रिया में लाखों रुपये मूल्य के मादक पदार्थ जलाए गए, जिनका बाजार मूल्य 20,54,857 रुपये आंका गया है:
गांजा: 113 किलो से अधिक सूखा गांजा (कीमत लगभग 11.31 लाख रुपये)।
ब्राउन शुगर: 46 ग्राम उच्च गुणवत्ता वाली ब्राउन शुगर (कीमत लगभग 9.20 लाख रुपये)।
अन्य सामग्री: गांजे के पौधे और 1000 से अधिक प्रतिबंधित नशीली गोलियां।
पर्यावरण सुरक्षा का रखा गया ध्यान
प्रदूषण को रोकने के लिए पुलिस ने शहर से दूर दीपक इंडस्ट्रीज (बामपारा प्लांट) का चयन किया। 31 दिसंबर 2025 को एसपी भोजराम पटेल की मौजूदगी में प्लांट की भट्ठी में डालकर इन सामग्रियों को पूरी तरह नष्ट कर दिया गया।
इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नवनीत कौर छाबड़ा, जिला आबकारी अधिकारी और पर्यावरण विभाग के प्रतिनिधि भी उपस्थित थे। पुलिस प्रशासन ने चेतावनी दी है कि नशे के सौदागरों के खिलाफ यह सख्ती आने वाले समय में और भी तेज की जाएगी।
















