भारत की आर्थिक मजबूती के लिए महत्वपूर्ण मंच है वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल (एजेंसी)। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने विश्व आर्थिक मंच (WEF) की वार्षिक बैठक में सम्मिलित होने के लिए दावोस रवाना होने से पूर्व नई दिल्ली में मीडिया से चर्चा की। उन्होंने रेखांकित किया कि यह अंतरराष्ट्रीय मंच मध्य प्रदेश को एक औद्योगिक केंद्र के रूप में स्थापित करने और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित करने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।
निवेश और तकनीक का संगम
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की प्रगति के लिए वैश्विक निवेश और आधुनिक तकनीक का समावेश अनिवार्य है। उन्होंने बताया कि सरकार का मुख्य लक्ष्य विश्व के बड़े उद्यमियों को मध्य प्रदेश की ओर आकर्षित करना है ताकि राज्य आर्थिक रूप से और अधिक सशक्त बन सके। डॉ. यादव ने जोर देकर कहा कि रोजगारोन्मुखी परियोजनाओं के लिए वैश्विक सहयोग वर्तमान समय की मांग है।
इन क्षेत्रों पर रहेगा विशेष ध्यान
दावोस यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री का फोकस राज्य की विविध औद्योगिक क्षमताओं को प्रदर्शित करने पर रहेगा:
जैविक कृषि (Organic Agriculture): खाद्य प्रसंस्करण और कृषि आधारित उद्योगों में अपार संभावनाओं को तलाशना।
कपड़ा उद्योग: कपास उत्पादन से लेकर रेडीमेड गारमेंट्स तक के व्यापारिक विस्तार को गति देना।
तकनीकी नवाचार: उद्योगों में आधुनिक टेक्नोलॉजी को बढ़ावा देकर उत्पादन क्षमता में वृद्धि करना।
निवेश का सफल क्रियान्वयन
मुख्यमंत्री ने पूर्व में हुए निवेश प्रयासों की सफलता का विवरण साझा करते हुए बताया कि:
ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2025: भोपाल में आयोजित इस समिट के 30 प्रतिशत प्रस्तावों पर काम शुरू हो चुका है।
धरातल पर प्रगति: लगभग 8.5 लाख करोड़ रुपये के औद्योगिक विकास कार्य वर्तमान में प्रगति पर हैं।
हालिया उपलब्धियां: दिसंबर 2025 में ग्वालियर में आयोजित ‘अभ्युदय समिट’ के दौरान 2 लाख करोड़ रुपये से अधिक के कार्यों का भूमि-पूजन और लोकार्पण किया गया।
भविष्य की राह: 2026 ‘किसान समृद्धि वर्ष’
डॉ. यादव ने घोषणा की कि मध्य प्रदेश सरकार ने वर्ष 2026 को पूर्णतः प्रदेश के किसानों की समृद्धि के लिए समर्पित किया है। उन्होंने विश्वास जताया कि राज्य जल्द ही खाद्य प्रसंस्करण, मत्स्य पालन, उद्यानिकी और दुग्ध उत्पादन जैसे क्षेत्रों में देश का नेतृत्व करेगा।
मुख्यमंत्री के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत विश्व की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की ओर अग्रसर है, और मध्य प्रदेश इस विकास यात्रा में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाने के लिए पूरी तरह तैयार है।
















