त्योहारों पर सुरक्षा और सद्भाव को लेकर मुख्यमंत्री डॉ. यादव सख्त, थानों का होगा औचक निरीक्षण

भोपाल (एजेंसी)। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आगामी त्योहारों के मद्देनजर प्रदेश की कानून-व्यवस्था की उच्च स्तरीय समीक्षा की। भोपाल स्थित पुलिस कमिश्नर कार्यालय से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (VC) के जरिए मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि राज्य में शांति और सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने वाली किसी भी गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने पुलिस प्रशासन को निर्देशित किया कि आम जनमानस बिना किसी भय के उत्सव मना सके, इसके लिए पुलिस की मौजूदगी और सतर्कता ज़मीन पर दिखनी चाहिए।
बैठक के मुख्य बिंदु और कड़े निर्देश:
विवादमुक्त होलिका दहन: मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि होलिका दहन केवल उन्हीं स्थानों पर किया जाए जो गैर-विवादित हों। किसी भी नई परंपरा या विवादित स्थल पर आयोजन को लेकर पुलिस को अतिरिक्त सावधानी बरतने को कहा गया है।
पुलिस थानों की ग्रेडिंग और औचक निरीक्षण: डॉ. यादव ने घोषणा की कि वे स्वयं प्रदेश के विभिन्न थानों और पुलिस कार्यालयों का औचक निरीक्षण करेंगे। थानों की कार्यप्रणाली और जनता से मिलने वाले फीडबैक के आधार पर उनकी ‘ग्रेडिंग’ तय की जाएगी।
नक्सल मुक्ति पर प्रशंसा: मुख्यमंत्री ने प्रदेश को नक्सल मुक्त बनाने के लिए पुलिस विभाग के प्रयासों की सराहना की और इसे पुलिस की निष्ठा का परिणाम बताया।
अवैध वसूली और किराए पर रोक: त्योहारों के दौरान यात्रियों की बढ़ती संख्या का फायदा उठाकर बस ऑपरेटरों द्वारा वसूले जा रहे अतिरिक्त किराए पर अंकुश लगाने के निर्देश दिए गए हैं।
सुरक्षा के लिए ‘क्विक रिस्पांस’ तंत्र
मुख्यमंत्री ने पुलिस अधिकारियों को सूचना-तंत्र (इंटेलीजेंस) मजबूत करने और पेट्रोलिंग बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा:
संवेदनशीलता: छोटी से छोटी घटना को गंभीरता से लें और उस पर तुरंत प्रतिक्रिया (Quick Response) दें।
परीक्षाओं का ध्यान: वर्तमान में चल रही परीक्षाओं को देखते हुए केंद्रों और हॉस्टल्स के आसपास सुरक्षा और शांति सुनिश्चित की जाए।
शुष्क दिवस का पालन: त्योहारों के दौरान ‘ड्राय डे’ के नियमों का कड़ाई से पालन हो।
जनभागीदारी: शांति समितियों में समाज के प्रभावशाली और सकारात्मक सोच वाले लोगों को जोड़ें ताकि संवाद बना रहे।
“कानून-व्यवस्था बनाए रखना हमारी प्राथमिकता है। पुलिस की कार्रवाई पारदर्शी होनी चाहिए और आम जनता में सुरक्षा का भाव पैदा होना चाहिए।” – मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव
इस बैठक में डीजीपी कैलाश मकवाना, अपर मुख्य सचिव नीरज मंडलोई और अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारी उपस्थित थे। सभी जिलों के आईजी और एसपी ने अपने-अपने क्षेत्रों की सुरक्षा तैयारियों का ब्यौरा मुख्यमंत्री के समक्ष रखा।
















