कुआलालंपुर में पीएम मोदी से मिले आईएनए के वयोवृद्ध सैनिक : विकास और नेतृत्व की सराहना

कुआलालंपुर (एजेंसी)। मलेशिया की आधिकारिक यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इतिहास और आधुनिकता के बीच एक भावुक कड़ी को जोड़ा। अपनी यात्रा के दौरान उन्होंने आजाद हिंद फौज (INA) के पूर्व सैनिक जयराज राजा राव से मुलाकात की। इस भेंट ने न केवल भारत के गौरवशाली सैन्य इतिहास को याद किया, बल्कि वर्तमान भारत की वैश्विक प्रगति पर भी चर्चा का मंच तैयार किया।
एक ऐतिहासिक और प्रेरणादायक भेंट
प्रधानमंत्री मोदी ने दक्षिण-पूर्व एशिया में भारतीय प्रवासियों के बीच आजाद हिंद फौज की ऐतिहासिक विरासत को रेखांकित किया। उन्होंने जयराज राजा राव के साथ हुई बातचीत को “अत्यंत प्रेरणादायक” बताया।
90 के दशक की उम्र में भी ऊर्जा से भरे राव ने प्रधानमंत्री के व्यक्तित्व और उनकी कार्यशैली की खुले दिल से प्रशंसा की। उन्होंने पीएम मोदी को एक “ऊर्जावान और संवेदनशील” नेता बताते हुए भारत के बुनियादी ढांचे में उनके योगदान को सराहा।
प्रमुख बिंदु: पूर्व सैनिक ने क्या कहा?
जयराज राजा राव ने इस मुलाकात के बाद कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों में भारत के बढ़ते कदमों पर अपनी राय साझा की:
ग्रामीण विकास: उन्होंने गांवों में स्वच्छता (शौचालय निर्माण) और स्वच्छ जल प्रणालियों के प्रभावी कार्यान्वयन और उनके रखरखाव की तारीफ की।
सामाजिक समरसता: राव के अनुसार, मोदी सरकार ने सभी समुदायों—चाहे वे हिंदू हों, मुस्लिम हों या ईसाई—के साथ समान व्यवहार कर समानता के सिद्धांत को मजबूती दी है।
मजबूत विदेश नीति: उन्होंने सीमा सुरक्षा और पाकिस्तान के प्रति भारत के कड़े रुख की सराहना की। साथ ही, भारत द्वारा वैश्विक मंच पर अपनी स्वायत्तता बनाए रखने और किसी भी बाहरी दबाव के आगे न झुकने को सराहनीय बताया।
नेताजी से जुड़ाव: राव ने भावुक होकर याद किया कि जब वे मात्र 12-13 वर्ष के थे, तब स्वयं नेताजी सुभाष चंद्र बोस ने उन्हें माला पहनाई थी। उन्होंने खुशी जताई कि वर्तमान प्रधानमंत्री नेताजी के आदर्शों को विशेष सम्मान देते हैं।
यह मुलाकात केवल एक कूटनीतिक औपचारिकता नहीं थी, बल्कि भारत के उस गौरवशाली अतीत और तेजी से बढ़ते भविष्य का मिलन थी, जिसने मलेशिया में मौजूद भारतीय समुदाय को गौरवान्वित किया।
















