भारत-तंजानिया समुद्री संबंधों में नई मजबूती : INS त्रिकंड का दार-एस-सलाम आगमन

नई दिल्ली (एजेंसी)। क्षेत्रीय समुद्री सुरक्षा और आपसी सहयोग को बढ़ावा देने के संकल्प के साथ, भारतीय नौसेना का गाइडेड मिसाइल फ्रिगेट INS त्रिकंड 3 अप्रैल 2026 को तंजानिया के दार-एस-सलाम बंदरगाह पहुँचा। दक्षिण-पश्चिम हिंद महासागर में अपनी वर्तमान तैनाती के दौरान, यह जहाज दोनों देशों के बीच मित्रता और रणनीतिक साझेदारी के सेतु के रूप में कार्य कर रहा है।
यात्रा के मुख्य आकर्षण और गतिविधियाँ
इस प्रवास के दौरान कई महत्वपूर्ण पेशेवर और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार की गई है:
संयुक्त प्रशिक्षण: भारतीय और तंजानियाई नौसेना के बीच समुद्री तालमेल को निखारने के लिए पेशेवर संवाद और संयुक्त युद्धाभ्यास आयोजित किए जाएंगे।
समुदाय और खेल: दोनों देशों के संबंधों को और गहरा करने के लिए मैत्रीपूर्ण खेल प्रतियोगिताओं और योग सत्रों का आयोजन किया जाएगा।
सांस्कृतिक आदान-प्रदान: जहाज पर एक ‘सांस्कृतिक संध्या’ आयोजित होगी, जिसका उद्देश्य दोनों देशों के लोगों के बीच आपसी समझ और भाईचारे को बढ़ाना है।
सहायता सामग्री का वितरण: भारत की ओर से लाई गई आवश्यक वस्तुओं और आपूर्ति को भी इस दौरे के दौरान तंजानियाई अधिकारियों को सौंपा जाएगा।
रणनीतिक संवाद और ‘महासागर’ विजन
जहाज के कमांडिंग ऑफिसर, कैप्टन सचिन कुलकर्णी, अपनी यात्रा के दौरान तंजानिया पीपल्स डिफेंस फोर्सेज (TPDF) और वहां की सरकार के उच्च अधिकारियों के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे।
यह महत्वपूर्ण पोर्ट कॉल भारत के ‘महासागर’ (MAHASAGAR) दृष्टिकोण का जीवंत उदाहरण है। इसका मुख्य उद्देश्य क्षेत्र के सभी देशों के लिए ‘सुरक्षा और विकास’ के साझा लक्ष्यों को प्राप्त करना और एक समग्र प्रगति की दिशा में मिलकर काम करना है। यह यात्रा न केवल समुद्री सुरक्षा को सुदृढ़ करती है, बल्कि हिंद महासागर क्षेत्र में भारत की एक जिम्मेदार और विश्वसनीय भागीदार के रूप में भूमिका को भी रेखांकित करती है।
















