इंदौर-उज्जैन कॉरिडोर बनेगा देश का नया ‘मेडिकल हब’, स्वास्थ्य पर्यटन और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा

इंदौर/भोपाल (एजेंसी)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विज़न को साकार करने की दिशा में मध्य प्रदेश सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मार्गदर्शन में प्रदेश में एक विशेष क्षेत्रीय मेडिकल हब स्थापित किया जाएगा। इसके लिए इंदौर-उज्जैन कॉरिडोर को सबसे उपयुक्त स्थल के रूप में चुना गया है।
शुक्रवार को इंदौर में आयोजित एक विशेष कार्यशाला (स्टेकहोल्डर कंस्यूलेशन वर्कशॉप) को संबोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री श्री राजेंद्र शुक्ल ने इस महत्वाकांक्षी योजना की रूपरेखा साझा की।
क्यों खास है इंदौर-उज्जैन कॉरिडोर?
उपमुख्यमंत्री ने बताया कि इंदौर न केवल एक व्यापारिक केंद्र है, बल्कि यहाँ शिक्षा, बुनियादी ढांचा और बेहतरीन हवाई कनेक्टिविटी भी उपलब्ध है। इस कॉरिडोर की महत्ता को समझाते हुए उन्होंने कहा:
धार्मिक पर्यटन का जुड़ाव: इंदौर के 100 किलोमीटर के दायरे में ओंकारेश्वर और महाकालेश्वर जैसे दो प्रमुख ज्योतिर्लिंग स्थित हैं। यहाँ आने वाले श्रद्धालुओं को अब विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सुविधाएं भी मिल सकेंगी।
मेडिकल टूरिज्म: इस हब के बनने से विदेशी विशेषकर मध्य एशिया और अफ्रीका के मरीज इलाज के लिए मध्य प्रदेश आएंगे, जिससे विदेशी मुद्रा की आय होगी।
रोजगार के अवसर: स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार से क्षेत्र में हजारों युवाओं के लिए रोजगार के नए द्वार खुलेंगे।
आधुनिक तकनीक और आयुर्वेद का संगम
श्री शुक्ल ने जोर देकर कहा कि इस हब का मुख्य उद्देश्य दुनिया भर के मरीजों को आधुनिक तकनीक और किफायती इलाज उपलब्ध कराना है। उन्होंने एलोपैथी के साथ-साथ आयुर्वेद और भारतीय चिकित्सा पद्धतियों को बढ़ावा देने की आवश्यकता जताई। साथ ही, उन्होंने अंगदान (Organ Donation) के क्षेत्र में मध्य प्रदेश को दक्षिण भारतीय राज्यों की तरह अग्रणी बनाने का आह्वान किया।
भविष्य की योजनाएं और सुझाव
कार्यशाला में स्वास्थ्य विभाग के एसीएस श्री अशोक बर्णवाल ने बताया कि अगले तीन महीनों के भीतर इस मेडिकल हब का फाइनल ड्राफ्ट तैयार करने के लिए एक विशेष कमेटी बनाई जाएगी।
कार्यक्रम की मुख्य बातें:
नया अस्पताल: नगरीय प्रशासन मंत्री श्री कैलाश विजयवर्गीय ने एम.वाई. अस्पताल परिसर में बनने वाले अत्याधुनिक ‘जी-प्लस-8’ भवन का 3D प्रेजेंटेशन देखा। इस अस्पताल में 1610 बेड और मल्टी-लेवल पार्किंग की सुविधा होगी।
सुविधाएं: विशेषज्ञों ने इंदौर में एयर एम्बुलेंस, अंगदान, और सुपर स्पेशलिटी सेवाओं को और बेहतर बनाने पर चर्चा की।
आयुष्मान भारत: योजना के तहत अब तक करोड़ों लोग मुफ्त इलाज का लाभ ले चुके हैं, जिसे इस हब के जरिए और मजबूती मिलेगी।
इस अवसर पर स्वास्थ्य और पर्यटन क्षेत्र के कई दिग्गजों ने अपने सुझाव साझा किए, जिससे मध्य प्रदेश को देश का प्रमुख हेल्थ डेस्टिनेशन बनाने का मार्ग प्रशस्त हुआ है।
















