छत्तीसगढ़ में जापानी निवेश की तैयारी : मुख्यमंत्री साय और जापानी डेलिगेशन के बीच अहम वार्ता

रायपुर। छत्तीसगढ़ में औद्योगिक विकास और विदेशी निवेश को बढ़ावा देने के उद्देश्य से, मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने रायपुर स्थित अपने निवास पर जापान से आए एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल के साथ महत्वपूर्ण बैठक की। इस मुलाकात के दौरान राज्य में तकनीकी सहयोग, नए उद्योगों की स्थापना और निवेश के अवसरों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।
चर्चा के मुख्य बिंदु: निवेश और नवाचार
मुख्यमंत्री साय ने जापानी दल का स्वागत करते हुए छत्तीसगढ़ की प्रगतिशील नीतियों को साझा किया। चर्चा के प्रमुख आकर्षण निम्नलिखित रहे:
जापान की विशेषज्ञता का लाभ: मुख्यमंत्री ने कहा कि जापान अपनी उन्नत तकनीक के लिए विश्व प्रसिद्ध है। छत्तीसगढ़ के औद्योगिक ढांचे को मजबूत करने के लिए जापान का तकनीकी सहयोग और विशेषज्ञता अत्यंत प्रभावशाली साबित हो सकती है।
रोजगार के नए अवसर: श्री साय ने विश्वास जताया कि इस सहयोग से न केवल उद्योगों का विस्तार होगा, बल्कि प्रदेश के युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के नए द्वार खुलेंगे।
निवेश अनुकूल नीतियां: मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार की ‘उद्योगोन्मुखी’ नीतियों का जिक्र करते हुए बताया कि छत्तीसगढ़ अब वैश्विक निवेशकों की पहली पसंद बनता जा रहा है।
जापानी प्रतिनिधिमंडल की प्रतिक्रिया
जापान से आए प्रतिनिधियों ने छत्तीसगढ़ की नई औद्योगिक नीति की सराहना की। उन्होंने राज्य के पारदर्शी वातावरण और शासन की कार्यप्रणाली पर भरोसा जताते हुए कहा कि:
छत्तीसगढ़ में निवेश के लिए एक बहुत ही अनुकूल और सुरक्षित माहौल तैयार हुआ है।
वे प्रदेश में अपने वर्तमान निवेश को और अधिक विस्तार देने के लिए उत्सुक हैं।
बैठक में उपस्थित प्रमुख व्यक्तित्व
इस शिष्टाचार मुलाकात के दौरान शासन और उद्योग जगत की कई महत्वपूर्ण हस्तियां मौजूद रहीं:
नाम,पद/संस्था
अनुज शर्मा,विधायक
पी. दयानंद,मुख्यमंत्री के सचिव
युकीहिरो मोमोसे,”डायरेक्टर, एफसेनल (FSNL)”
तोशीहीरो फूजीवारा,”एक्जीक्यूटिव ऑफिसर, कोनोइके ट्रांसपोर्ट”
सुनील कुमार दीक्षित,”मैनेजिंग डायरेक्टर, एफएसएनएल”
के. डी. दीवान,”पूर्व सीएमडी, हिंदुस्तान कॉपर लिमिटेड”
यह बैठक छत्तीसगढ़ को एक ग्लोबल इंडस्ट्रियल हब बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है। इससे आने वाले समय में राज्य के बुनियादी ढांचे और विनिर्माण (Manufacturing) क्षेत्र में बड़ी प्रगति की उम्मीद है।
















