गाँव में ही मिल गया समाधान : सुशासन शिविर से धमतरी के सैकड़ों ग्रामीणों को मिली फौरी राहत

धमतरी। छत्तीसगढ़ प्रशासन की जनता तक सीधे पहुँचने की मुस्तैद कोशिशें धमतरी जिले के राजपुर ग्राम पंचायत में हकीकत बनती नजर आईं। यहाँ आयोजित क्लस्टर स्तरीय समाधान शिविर आम जनता की उम्मीदों पर पूरी तरह खरा उतरा। इस शिविर की सबसे बड़ी खासियत यह रही कि यहाँ लोगों को सिर्फ आश्वासन नहीं मिले, बल्कि प्रशासनिक अमले ने मौके पर ही कुल 872 मामलों में से 603 का तुरंत निपटारा कर दिया।
14 ग्राम पंचायतों की उमड़ी भीड़
राजपुर में सजे इस बड़े मंच पर आस-पास की 14 ग्राम पंचायतों (जैसे राजपुर, झाझरकेरा, बोरसी, भोथा, पाहंदा, सरगी, डाभा, मोहंदी और सोनपैरी आदि) के सैकड़ों ग्रामीण अपनी बुनियादी जरूरतें और प्रशासनिक अड़चनों को लेकर पहुँचे थे।
शिविर में मिले आवेदनों का ब्योरा कुछ इस तरह है:
कुल आवेदन: 872
मांग से जुड़े मामले: 869 (इनमें से 601 का तत्काल निपटारा किया गया)
शिकायतें: 3 (2 शिकायतों को मौके पर ही सुलझाया गया)
जिन आवेदनों का मौके पर फैसला नहीं हो सका, उन्हें तय वक्त के अंदर पूरी पारदर्शिता के साथ निपटाने के लिए संबंधित विभागों को सौंप दिया गया है।
अलग-अलग विभागों ने हाथों-हाथ बांटी सौगातें
इस आयोजन में सिर्फ कागजी कार्रवाई या अर्जियाँ जमा करने का काम नहीं हुआ, बल्कि अलग-अलग विभागों के काउंटर्स पर हितग्राहियों को सीधे सरकारी योजनाओं का लाभ दिया गया:
राशन व श्रम कार्ड: जनपद पंचायत ने 5 जरूरतमंद परिवारों को नए राशन कार्ड सौंपे, वहीं श्रम विभाग ने 4 मजदूरों को उनके लेबर कार्ड दिए।
दिव्यांग सहायता: समाज कल्याण विभाग की तरफ से एक दिव्यांग ग्रामीण को ट्राईसिकल दी गई, जिससे उनकी रोजमर्रा की जिंदगी आसान हो सके।
सेहत की देखभाल: स्वास्थ्य विभाग के काउंटर पर 65 ग्रामीणों का मुफ्त चेकअप हुआ, जहाँ सिकल सेल, शुगर और बीपी जैसी जाँचें की गईं। साथ ही 5 बुजुर्गों को ‘आयुष्मान वय वंदन कार्ड’ बांटे गए।
परिवहन व डिजिटल सेवाएं: मौके पर ही 15 लोगों के ड्राइविंग लाइसेंस तैयार किए गए और 7 लोगों के पहचान पत्रों में जरूरी सुधार (डिजिटल अपडेशन) किए गए।
दफ्तरों के चक्करों से मिली मुक्ति
शिविर में आए ग्रामीणों के चेहरों पर राहत साफ देखी जा सकती थी। लोगों का कहना था कि जिन छोटे-बड़े कामों के लिए उन्हें कई दिनों तक ब्लॉक या जिला मुख्यालय की दौड़ लगानी पड़ती थी, वे सारे काम आज उनके घर के पास ही एक ही छत के नीचे बेहद आसानी से हो गए। प्रशासन की इस तेज कार्यप्रणाली ने सरकार के प्रति ग्रामीणों का भरोसा और मजबूत किया है।
















