लोकतंत्र में न्यायपालिका ही जनता की अंतिम उम्मीद : सांसद बृजमोहन अग्रवाल

रायपुर। रायपुर जिला एवं सत्र न्यायालय में जिला अधिवक्ता संघ के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों के लिए एक भव्य शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन किया गया। इस गरिमामयी कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री अरुण साव और रायपुर के सांसद बृजमोहन अग्रवाल शामिल हुए। दोनों नेताओं ने नवनिर्वाचित अध्यक्ष देवांगन और उनकी पूरी टीम को जीत की बधाई दी। इस दौरान सांसद अग्रवाल ने वकीलों और जजों से अपील की कि वे मिलकर न्याय प्रणाली की गरिमा और जनता के भरोसे को और मजबूत करें।
न्याय व्यवस्था पर टिका है समाज का भरोसा
समारोह को संबोधित करते हुए सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने अधिवक्ताओं के साथ अपने पांच दशकों पुराने जुड़ाव को याद किया। उन्होंने कहा:
“आज के दौर में जब समाज की अन्य व्यवस्थाओं से लोगों का भरोसा उठने लगा है, तब न्यायपालिका ही एकमात्र ऐसी जगह है जहाँ आम आदमी को इंसाफ की उम्मीद दिखती है। यदि न्यायाधीश और अधिवक्ता मिलकर काम नहीं करेंगे, तो पूरी न्याय व्यवस्था प्रभावित होगी। इस भरोसे को कायम रखना हम सबकी सामूहिक जिम्मेदारी है।”
राजनीति में कानून के जानकारों की कमी पर चिंता
सांसद अग्रवाल ने आज के राजनीतिक परिदृश्य पर खुलकर अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि सत्ता पाने के लिए लोग हर तरह के हथकंडे अपनाते हैं और ‘जीता वही सिकंदर’ की कहावत चरितार्थ करते हैं, लेकिन उनकी जीत की वैधता और गलतियों की सजा तय करने का अधिकार सिर्फ अदालत के पास है।
उन्होंने इस बात पर चिंता जताई कि पहले संसद और विधानसभाओं में लगभग आधे सदस्य कानूनी पृष्ठभूमि से होते थे, लेकिन अब राजनीति में कानूनविदों की रुचि कम हुई है। उन्होंने देश के विकास के लिए पढ़े-लिखे और संविधान की समझ रखने वाले लोगों को राजनीति में आगे आने का आह्वान किया।
याद आए छात्र जीवन के दिन, अधिवक्ता संघ को ₹10 लाख की सौगात
अदालत परिसर से जुड़ी अपनी पुरानी यादों को साझा करते हुए सांसद ने बताया कि 1977 से 2000 के बीच उन्होंने अदालतों के काफी चक्कर काटे हैं। यहाँ तक कि अपने छात्र जीवन में कॉलेज और यूनिवर्सिटी में दाखिले के विवाद को लेकर उन्हें जबलपुर हाई कोर्ट तक जाना पड़ा था। वकीलों की समस्याओं और कोर्ट की जरूरतों को समझते हुए उन्होंने अधिवक्ता संघ की सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए अपनी सांसद निधि से ₹10 लाख देने का ऐलान किया।
गरीबों को मिले सस्ता और त्वरित न्याय
बृजमोहन अग्रवाल ने अधिवक्ता संघ से अपील की कि वे दूर-दराज के गांवों से आने वाले गरीब और असहाय पीड़ितों की मदद के लिए लीगल क्लीनिक को और अधिक सक्रिय बनाएं। उन्होंने विशेष रूप से राजस्व (जमीन-जायदाद) के मामलों का जिक्र करते हुए कहा कि इन मामलों में गड़बड़ियों के कारण गरीब सबसे ज्यादा परेशान होते हैं। वकीलों को एकजुट होकर ऐसे शोषित वर्ग को न्याय दिलाने के लिए आगे आना चाहिए।
गरिमामयी समारोह में दिग्गजों की रही मौजूदगी
इस खास मौके पर सांसद अग्रवाल ने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों के नए कार्यालय का उद्घाटन किया और अधिवक्ता संघ के वार्षिक कैलेंडर का विमोचन भी किया।
समारोह में उपस्थित प्रमुख हस्तियाँ:
अरुण साव: उपमुख्यमंत्री, छत्तीसगढ़
न्यायमूर्ति गौतम चौरड़िया: अध्यक्ष, छत्तीसगढ़ राज्य उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग
बलराम वर्मा: जिला एवं सत्र न्यायाधीश
श्रीमती मीनल चौबे: महापौर, रायपुर
स्टेट बार काउंसिल के पदाधिकारी: उपाध्यक्ष विराट वर्मा, सदस्य बृजेश नाथ पाण्डेय, फैज़ल रिजवी, विवेकानंद भोई।
वरिष्ठ अधिवक्ता: राम नारायण व्यास, हितेन्द्र तिवारी, के.के. शुक्ला, शेखर अमीन, कोषराम साहू, यू.बी. अवस्थी सहित बड़ी संख्या में जूनियर और सीनियर वकील।
















