अतिथि शिक्षकों के वेतन के लिए ₹13.81 करोड़ का बजट जारी

रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य की शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। वित्तीय वर्ष 2026-27 के तहत स्कूल शिक्षा विभाग में कार्यरत अतिथि शिक्षकों के मानदेय (Honorarium) के लिए शासन ने 13 करोड़ 81 लाख 50 हजार रुपये की भारी-भरकम राशि को मंजूरी दे दी है।
भुगतान का विवरण
इस बजट का लाभ राज्य के लगभग 1,535 अतिथि शिक्षकों को मिलेगा। योजना के अनुसार, इन शिक्षकों को 20,000 रुपये प्रति माह की दर से पिछले 4 से 5 महीनों का बकाया वेतन दिया जाएगा। लोक शिक्षण संचालनालय द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के तहत, यह राशि सीधे संबंधित जिलों को आवंटित कर दी गई है।
जिलों को आवंटित बजट: एक नजर
लोक शिक्षण संचालनालय के आंकड़ों के अनुसार, जिलों को उनकी आवश्यकता के आधार पर राशि भेजी गई है। प्रमुख जिलों का विवरण नीचे तालिका में दिया गया है:
जिला, आवंटित राशि (करोड़ में)
बलरामपुर (सर्वाधिक),₹1.98 करोड़
कोण्डागांव,₹1.27 करोड़
बस्तर,₹1.20 करोड़
सूरजपुर,₹1.17 करोड़
कांकेर,₹1.13 करोड़
इसके अलावा अन्य जिलों जैसे गरियाबंद (₹73.80 लाख), मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर (₹70.20 लाख) और सरगुजा (₹63.90 लाख) को भी पर्याप्त फंड जारी किया गया है। सुकमा और बीजापुर जैसे क्षेत्रों के लिए भी ₹43.20 लाख प्रति जिले का प्रावधान है। वहीं, सबसे कम राशि सक्ती जिले (₹2.70 लाख) को आवंटित की गई है।
प्रशासन के निर्देश
इस वित्तीय आवंटन का मुख्य उद्देश्य शिक्षकों को आर्थिक राहत प्रदान करना है ताकि वे बिना किसी मानसिक तनाव के अध्यापन कार्य जारी रख सकें। सरकार का मानना है कि समय पर भुगतान होने से ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों की शिक्षा व्यवस्था अधिक सुचारू रूप से संचालित होगी।
अधिकारियों को निर्देश: सभी जिला शिक्षा अधिकारियों (DEOs) को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे आवंटित राशि का वितरण नियमों के अनुसार तय समय सीमा के भीतर करना सुनिश्चित करें।
















