मुख्यमंत्री साय ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्यों की समीक्षा की

रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने हाल ही में राज्य के चार बाढ़ प्रभावित जिलों – बीजापुर, सुकमा, दंतेवाड़ा और बस्तर में चलाए जा रहे बचाव और राहत कार्यों का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रभावित लोगों तक तुरंत सहायता पहुंचाई जाए और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना सबसे बड़ी प्राथमिकता है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी बाढ़ पीड़ित परिवार को किसी भी तरह की असुविधा नहीं होनी चाहिए, और इसके लिए प्रशासन को पूरी तरह से सक्रिय रहना चाहिए।
राहत शिविरों में सुविधाएं
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि राहत शिविरों में रह रहे सभी लोगों को भोजन, चिकित्सा और अन्य जरूरी सामान समय पर उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने यह भी आदेश दिया कि बाढ़ प्रभावित गांवों तक जल्द से जल्द मदद पहुंचाई जाए और आपदा नियंत्रण कक्षों से स्थिति पर लगातार नजर रखी जाए।
भारी बारिश और प्रभावित गांव
यह ध्यान देने योग्य है कि लगातार हो रही भारी बारिश के कारण इन चार जिलों में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। आपदा प्रबंधन विभाग के आंकड़ों के अनुसार, 26 और 27 अगस्त को सबसे अधिक बारिश दंतेवाड़ा जिले में हुई, जहां क्रमशः 93.7 मिमी और 118.4 मिमी वर्षा दर्ज की गई।
सुकमा: 35 मिमी से 109.3 मिमी
बीजापुर: 34.9 मिमी से 50.2 मिमी
बस्तर: 67.3 मिमी से 121.3 मिमी
इन भारी वर्षाओं के कारण कुल 25 गांव बाढ़ से प्रभावित हुए हैं।
राहत और बचाव कार्य
राजस्व सचिव और आपदा राहत आयुक्त श्रीमती रीना बाबासाहेब कंगाले ने बताया कि प्रभावित लोगों के लिए चार जिलों में 43 राहत शिविर बनाए गए हैं।
दंतेवाड़ा: 1,116 लोग
सुकमा: 790 लोग
बीजापुर: 120 लोग
बस्तर: 170 लोग
इन शिविरों में कुल 2,196 लोगों को ठहराया गया है।
अब तक की रिपोर्ट के अनुसार, बाढ़ से 5 लोगों की जान गई है, 17 पशुधन की हानि हुई है, 165 घरों को आंशिक नुकसान हुआ है, और 86 घर पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गए हैं। सभी जिलों में नगर सेना और एसडीआरएफ की टीमें राहत और बचाव कार्यों में जुटी हुई हैं, और राहत शिविरों में भोजन की व्यवस्था की गई है। राजस्व और आपदा प्रबंधन विभाग लगातार जिलों के संपर्क में है और जरूरी सहायता प्रदान कर रहा है। सुकमा जिले में आपदा मित्र भी प्रशासन को सहयोग दे रहे हैं।
मुख्यमंत्री का संदेश
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने जान-माल के नुकसान पर गहरी संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि प्रभावित परिवारों को जल्द ही मुआवजा दिया जाएगा और पुनर्वास कार्यों को प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने प्रशासन और राहत दलों को लगातार सक्रिय रहने का निर्देश दिया ताकि हर जरूरतमंद तक समय पर मदद पहुंच सके।
मुख्यमंत्री ने आम जनता से अपील की है कि वे प्रशासन द्वारा दिए गए निर्देशों का पालन करें और किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय नियंत्रण कक्ष से संपर्क करें। उन्होंने भरोसा दिलाया कि प्रशासन और जनता के सामूहिक प्रयास से इस आपदा से जल्द ही निपटा जाएगा और प्रभावित क्षेत्रों में जल्द ही सामान्य स्थिति बहाल होगी।