अंतरराष्ट्रीय वेटलिफ्टिंग में ज्ञानेश्वरी यादव ने फिर गाड़े झंडे, हासिल किया स्वर्ण पदक

रायपुर। छत्तीसगढ़ की होनहार भारोत्तोलक (वेटलिफ्टर) ज्ञानेश्वरी यादव ने एक बार फिर वैश्विक मंच पर भारत का मान बढ़ाया है। समोआ के एपिया में आयोजित आईबीएफसी यूनिवर्सल कप-2026 में उन्होंने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाते हुए 53 किलोग्राम वर्ग में स्वर्ण पदक (Gold Medal) अपने नाम किया।
तुआनाईमाटो स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में जारी इस प्रतियोगिता में दुनिया भर के 70 देशों से लगभग 500 खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं। ज्ञानेश्वरी की यह जीत इसलिए भी खास है क्योंकि यह कॉमनवेल्थ गेम्स-2026 के क्वालिफिकेशन की दृष्टि से एक निर्णायक कदम है।
ज्ञानेश्वरी की प्रमुख उपलब्धियां और सफर
ज्ञानेश्वरी यादव का करियर सफलताओं से भरा रहा है। उनकी कुछ प्रमुख उपलब्धियां इस प्रकार हैं:
जूनियर वर्ल्ड चैंपियनशिप: रजत पदक (Silver Medal) विजेता।
सीनियर कॉमनवेल्थ: स्वर्ण पदक विजेता।
राज्य सम्मान: उनकी उत्कृष्ट उपलब्धियों के लिए छत्तीसगढ़ सरकार उन्हें प्रतिष्ठित ‘गुण्डाधुर पुरस्कार’ से नवाज चुकी है।
वर्तमान भूमिका: वे वर्तमान में राजनांदगांव में छत्तीसगढ़ पुलिस बल का हिस्सा हैं।
सफलता के पीछे का मार्गदर्शन
ज्ञानेश्वरी की इस ऐतिहासिक सफलता के पीछे उनके कोच अजय लोहार विश्वकर्मा का कड़ा प्रशिक्षण और सही मार्गदर्शन रहा है। उनकी तकनीकी बारीकियों और ज्ञानेश्वरी की कड़ी मेहनत ने ही उन्हें आज इस अंतरराष्ट्रीय मुकाम पर पहुँचाया है।
“ज्ञानेश्वरी की यह जीत न केवल छत्तीसगढ़ बल्कि पूरे देश के एथलीटों के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उनकी नजरें अब आगामी कॉमनवेल्थ गेम्स पर टिकी हैं।”
















