छत्तीसगढ़

मुख्यमंत्री साय ने कुर्मी समाज के योगदान को सराहा ; कबीरधाम को दी विकास कार्यों की सौगात

कबीरधाम। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय आज कबीरधाम जिले के डोंगरिया में आयोजित अखिल भारतीय क्षत्रिय कुर्मी समाज के प्रदेश स्तरीय सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में सम्मिलित हुए। इस दौरान उन्होंने समाज के मेधावी जनों का सम्मान किया और क्षेत्र के विकास के लिए सड़क, सिंचाई व पर्यटन से जुड़ी कई घोषणाएं कीं। कार्यक्रम की शुरुआत मुख्यमंत्री ने जलेश्वर महादेव मंदिर में पूजा-अर्चना और प्रदेश की खुशहाली की कामना के साथ की।

समाज की एकजुटता राष्ट्र निर्माण का आधार

जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि कुर्मी समाज का इतिहास शौर्य और कर्मठता का प्रतीक रहा है। उन्होंने छत्रपति शिवाजी महाराज और सरदार वल्लभभाई पटेल के आदर्शों का स्मरण करते हुए कहा कि एक संगठित समाज ही विकसित राष्ट्र की नींव रखता है। उन्होंने कृषि, शिक्षा और प्रशासन के क्षेत्र में कुर्मी समाज की प्रगतिशील सोच की सराहना की।

जनकल्याणकारी योजनाओं का रिपोर्ट कार्ड

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में सरकार की उपलब्धियों को रेखांकित करते हुए निम्नलिखित बिंदुओं पर प्रकाश डाला:

धार्मिक पुनर्जागरण: रामलला दर्शन योजना के तहत अब तक 42,000 नागरिकों को अयोध्या के दर्शन कराए जा चुके हैं। साथ ही, तीर्थ दर्शन योजना के माध्यम से बुजुर्गों को 19 प्रमुख तीर्थों की यात्रा कराई जा रही है।

महिला सशक्तिकरण: महतारी वंदन योजना की सफलता का जिक्र करते हुए उन्होंने बताया कि अब तक 27 किश्तों के माध्यम से पात्र महिलाओं के खातों में 27-27 हजार रुपये भेजे जा चुके हैं।

बुनियादी ढांचा: कृषि को बढ़ावा देने के लिए 10,500 करोड़ रुपये की सिंचाई परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है। इसके अतिरिक्त, रेलवे के विस्तार और पांच प्रमुख ‘शक्ति पीठों’ को जोड़कर एक धार्मिक कॉरिडोर बनाने पर काम जारी है।

प्रमुख अतिथियों के विचार

कार्यक्रम में उपस्थित अन्य विशिष्ट जनों ने भी समाज को संबोधित किया:

उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा: उन्होंने कहा कि शिवाजी महाराज और पटेल जी के वंशज होने के नाते समाज को शिक्षा और समरसता पर विशेष ध्यान देना चाहिए।

राज्यसभा सांसद लक्ष्मी वर्मा: उन्होंने विश्वास और चरित्र निर्माण को सामाजिक प्रगति की अनिवार्य शर्त बताया।

विधायक धरमजीत सिंह व भावना बोहरा: वक्ताओं ने कहा कि छत्तीसगढ़ के ग्रामीण अंचलों में कुर्मी समाज की सक्रियता प्रदेश के विकास की मुख्यधारा को मजबूती प्रदान करती है।

राष्ट्रीय अध्यक्ष सर्वेश कटियार: उन्होंने समाज के 132 वर्षों के गौरवशाली संगठनात्मक इतिहास पर प्रकाश डालते हुए एकता बनाए रखने की अपील की।

मुख्यमंत्री ने अंत में ‘विकसित भारत 2047’ के विजन को साझा करते हुए छत्तीसगढ़ को एक मॉडल राज्य बनाने का संकल्प दोहराया। इस गरिमामय समारोह में भारी संख्या में सामाजिक प्रतिनिधि और स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button