धमतरी का विकास पर्व : मुख्यमंत्री साय ने दी ₹465 करोड़ की विकास परियोजनाओं की सौगात

धमतरी। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने धमतरी जिले में आयोजित ‘सुशासन तिहार’ कार्यक्रम के दौरान क्षेत्र के विकास को नई रफ्तार दी। जिले की बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री ने कुल 465 करोड़ रुपये की लागत वाली 102 विभिन्न विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया। इन योजनाओं से धमतरी में सड़कों का जाल बिछेगा, पेयजल आपूर्ति सुधरेगी और शहरी बुनियादी ढांचे का कायाकल्प होगा।
इस व्यापक विकास पैकेज के अंतर्गत मुख्यमंत्री ने 423.52 करोड़ रुपये से अधिक के 52 नए निर्माण कार्यों की आधारशिला (भूमिपूजन) रखी। इसके साथ ही, लगभग 41.50 करोड़ रुपये की लागत से बनकर तैयार हुए 50 अन्य जनकल्याणकारी कार्यों को जनता को समर्पित (लोकार्पण) किया।
जनसमस्याओं का त्वरित समाधान ही सुशासन: मुख्यमंत्री
समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री साय ने कहा कि राज्य सरकार पारदर्शिता, संवेदनशीलता और जवाबदेही के सिद्धांतों पर काम कर रही है। उन्होंने बताया:
गाँवों में समाधान: 1 मई से 10 जून तक चलने वाले ‘सुशासन तिहार’ के तहत ग्रामीण इलाकों में क्लस्टर स्तर पर शिविर लगाए जा रहे हैं, ताकि नागरिकों की समस्याओं का मौके पर ही निपटारा हो सके।
राजस्व मामलों में तेजी: जमीन और राजस्व से जुड़े पुराने विवादों को सुलझाने के लिए एक विशेष मुहिम चलाई गई है, जिससे हजारों परिवारों को बड़ी राहत मिली है।
किसान और महिला सशक्तिकरण: सरकार 3,100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदकर किसानों को आर्थिक संबल दे रही है, जबकि ‘महतारी वंदन योजना’ के जरिए महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाया जा रहा है।
डिजिटल गवर्नेंस को बढ़ावा: मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि राज्य में जल्द ही एक ‘मुख्यमंत्री हेल्पलाइन’ सेवा शुरू की जाएगी। इसके जरिए नागरिक घर बैठे अपनी शिकायतें दर्ज करा सकेंगे, जिनका एक निश्चित समय सीमा के भीतर निवारण किया जाएगा।
बस्तर के सुदूर अंचलों पर विशेष ध्यान
मुख्यमंत्री ने बस्तर संभाग में चल रहे विकास कार्यों का जिक्र करते हुए कहा कि वहां सुशासन तिहार के साथ-साथ “बस्तर मुन्ने” और “नियद नेल्लानार 2.0” जैसे जमीनी अभियान चलाए जा रहे हैं। इन पहलों से धुर नक्सल प्रभावित और दूरस्थ क्षेत्रों में विकास के कार्य तेज हुए हैं। इसके अतिरिक्त ‘मुख्यमंत्री स्वस्थ बस्तर अभियान’ के तहत स्वास्थ्य विभाग की टीमें ग्रामीणों के घर-घर जाकर मुफ्त जांच और इलाज मुहैया करा रही हैं।
मुख्यमंत्री साय ने आह्वान किया कि साल 2047 तक ‘विकसित भारत’ के सपने के साथ-साथ ‘विकसित छत्तीसगढ़’ बनाने के लिए जनता को भी अपनी सक्रिय भागीदारी निभानी होगी।
धमतरी के लिए विशेष बुनियादी ढांचा घोषणाएं
कार्यक्रम के मंच से मुख्यमंत्री ने धमतरी क्षेत्र के लिए कई महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचागत विकास कार्यों को मंजूरी दी:
फोरलेन सड़क: अम्बेडकर चौक से रूद्री चौक तक यातायात सुगम करने के लिए फोरलेन सड़क का निर्माण।
शहरी सौंदर्यीकरण: रानी दुर्गावती चौक से बिलाईमाता मंदिर तक ‘गौरवपथ’ का निर्माण।
शिक्षा व पेयजल: धमतरी में स्वच्छ पानी के लिए नए इंटेकवेल का निर्माण, कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय कुरूद के भवन के लिए 1.5 करोड़ रुपये और पीएमश्री स्वामी आत्मानंद स्कूल के लिए बजट की स्वीकृति।
विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों को बांटे अधिकार पत्र
समारोह के दौरान मुख्यमंत्री ने विभिन्न शासकीय विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का निरीक्षण किया। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभार्थियों को उनके नए घरों की चाबियां सौंपी और आयुष्मान कार्ड धारकों को कार्ड वितरित किए। तकनीक का उपयोग करते हुए उन्होंने डिजिटल बटन दबाकर “ड्रीम कॉरिडोर” वीडियो और “मां अभियान” की एक विशेष कॉफी टेबल बुक का विमोचन भी किया। शिक्षा के क्षेत्र में नवाचार के लिए धमतरी जिला प्रशासन और बेंगलुरु की संस्था ‘लर्निंग जॉय’ के बीच एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए।
इस ऐतिहासिक कार्यक्रम में महासमुंद सांसद श्रीमती रूपकुमारी चौधरी, कुरूद विधायक अजय चन्द्राकर, धमतरी विधायक ओंकार साहू, महापौर रामू रोहरा, पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष नेहरू निषाद सहित रायपुर संभाग के कमिश्नर श्याम धावड़े, पुलिस अधीक्षक सूरज सिंह परिहार, स्थानीय जनप्रतिनिधि और भारी संख्या में आम नागरिक मौजूद रहे।
















