मरवाही वन क्षेत्र में हाथियों की धमक : छात्रावास की दीवार ढहाई, फसलों को नुकसान; अलर्ट पर वन विभाग

गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। छत्तीसगढ़ के मरवाही वनमंडल के रिहायशी इलाकों के पास एक बार फिर चार हाथियों का एक झुंड सक्रिय हो गया है। वन विभाग के मुताबिक, यह दल इस समय मरवाही वन परिक्षेत्र के गुल्लीडांड बीट के अंतर्गत आने वाले पीएफ-2025 वन तालाब जंगल में डेरा डाले हुए है। आबादी के इतने करीब वन्यजीवों की मौजूदगी से स्थानीय ग्रामीणों में भारी डर का माहौल है।
फसलों को पहुँचाया नुकसान, रात में मचाया उत्पाद
हाथियों के इस कुनबे ने नवाटोला इलाके में खेतों में घुसकर फसलों को काफी नुकसान पहुँचाया है। इसके अलावा, हाथियों ने मरवाही हॉस्टल (छात्रावास) की घेराबंदी वाली बाउंड्री वॉल (चारदीवारी) को भी तोड़ दिया। तसल्ली की बात यह रही कि इस दौरान किसी भी तरह की जनहानि या किसी के घर को नुकसान पहुँचने की खबर नहीं आई है।
जानकारी के अनुसार, हाथियों का यह समूह सिवनी परिक्षेत्र के घुसरिया परिसर से रास्ता तय करते हुए मरवाही की सीमा में दाखिल हुआ है। वन्यजीव अधिकारियों का अनुमान है कि यह दल आगे बढ़ते हुए नाका, मरवाही, घुसरिया, सचराटोला और सेमरदर्री परिसरों का रुख कर सकता है।
विभाग की ग्रामीणों से अपील: सुरक्षित दूरी बनाए रखें
हाथियों की हर हरकत पर वन विभाग की विशेष टीम लगातार नजर रख रही है। वन अधिकारियों ने आस-पास के गांवों के लोगों को सख्त हिदायत दी है कि वे फिलहाल जंगलों का रुख न करें। इसके साथ ही हाथियों को देखने के लिए उनके करीब न जाने और उनसे एक सुरक्षित दूरी बनाए रखने की अपील की गई है। हालांकि प्रशासन का कहना है कि स्थिति अभी नियंत्रण में है, लेकिन एहतियात के तौर पर पूरी मुस्तैदी बरती जा रही है।
















