जशपुर में शिशु संरक्षण माह का आगाज, 78 हजार से अधिक बच्चों को मिलेगी विटामिन-ए की खुराक

जशपुर। छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में बाल स्वास्थ्य और पोषण के स्तर को सुधारने के लिए शिशु संरक्षण माह की शुरुआत की गई है। जिला अस्पताल में डॉ. गौरव सिंह और डॉ. गीतांजलि तिवारी ने बच्चों को विटामिन-ए देकर इस अभियान का शुभारंभ किया, जो 18 अगस्त से 24 सितंबर तक जारी रहेगा।
प्रमुख गतिविधियां और सेवाएं
स्वास्थ्य सेवाएं: अभियान के तहत हर मंगलवार और शुक्रवार को वी.एच.एन.डी. (VHND) सत्र लगेंगे। इसमें 9 माह से 5 वर्ष तक के बच्चों को विटामिन-ए और 6 माह से 5 वर्ष तक के बच्चों को आयरन (IFA) सिरप दिया जाएगा।
जांच और परामर्श: बच्चों का नियमित टीकाकरण, वजन की जांच, और उम्र के अनुसार पौष्टिक आहार की जानकारी दी जाएगी। आंगनबाड़ी केंद्रों के जरिए पूरक पोषण आहार भी उपलब्ध कराया जाएगा।
कुपोषण पर नियंत्रण: अति गंभीर कुपोषित बच्चों की पहचान कर उन्हें 14 दिनों के लिए पोषण पुनर्वास केंद्र भेजा जाएगा। इस दौरान बच्चे की देखभाल कर रही मां को कार्य क्षतिपूर्ति राशि भी मिलेगी।
अभियान का दायरा और लक्ष्य
कुल सत्र: जिले में कुल 2,766 सत्र आयोजित किए जाएंगे। इनमें बगीचा (630), पत्थलगांव (485), फरसाबहार (360), लोदाम (324), कुनकुरी (320), कांसाबेल (288), मनोरा (230) और दुलदुला (129) शामिल हैं।
पिलाने का लक्ष्य: कुल 78,370 बच्चों को विटामिन-ए देने का लक्ष्य है, जिसमें सबसे अधिक पत्थलगांव (19,571) और बगीचा (15,848) के बच्चे शामिल हैं।
स्वास्थ्य विभाग ने सभी अभिभावकों से अपील की है कि वे नजदीकी सत्र में पहुंचकर बच्चों का टीकाकरण, वजन जांच और पोषण सुविधाओं का लाभ उठाएं।
















