सरगुजा के दूरस्थ गांवों तक पहुंचेगा इलाज : DMF फंड से 26 पैरामेडिकल स्टाफ की भर्ती को हरी झंडी

अम्बिकापुर। छत्तीसगढ़ के ग्रामीण और पहुंचविहीन इलाकों में स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की मंशा के अनुरूप और संस्कृति व पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल की पहल पर सरगुजा जिले के अस्पतालों में डॉक्टरों व कर्मचारियों की कमी को दूर करने के लिए बड़ा फैसला लिया गया है।
जिला प्रशासन ने जिला खनिज संस्थान न्यास (डीएमएफ) मद से कुल 26 पैरामेडिकल पदों पर संविदा आधार पर नियुक्ति को स्वीकृति दी है। कलेक्टर अजीत वसंत द्वारा मंजूर किए गए इस प्रस्ताव से जिले के सुदूर प्राथमिक व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों की व्यवस्था में सुधार आएगा।
किन पदों पर होगी भर्ती?
जिला प्रशासन द्वारा जारी मंजूरी के अनुसार इन 26 स्वीकृत पदों का विवरण इस प्रकार है:
ड्रेसर: 08 पद
फार्मासिस्ट: 06 पद
एएनएम (ANM): 06 पद
स्टाफ नर्स: 03 पद
आरएचओ (पुरुष): 02 पद
ओटी टेक्नीशियन: 01 पद
इन इलाकों और अस्पतालों को मिलेगा फायदा
इन नियुक्तियों से जिले के अलग-अलग विकासखंडों में डॉक्टरों और सपोर्टिंग स्टाफ की कमी दूर होगी:
अम्बिकापुर ब्लॉक: प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र नवानगर, रामपुर और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दरिमा।
शहरी क्षेत्र: नवापारा स्थित शहरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (अम्बिकापुर)।
ग्रामीण व दूरस्थ ब्लॉक: बतौली, लखनपुर, धौरपुर, मैनपाट, सीतापुर और उदयपुर के सुदूर स्वास्थ्य केंद्र।
आम जनता को क्या मिलेगी राहत?
स्थानीय स्तर पर इलाज: ग्रामीणों, महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को अब प्राथमिक उपचार, टीकाकरण और दवाओं के लिए जिला अस्पताल अम्बिकापुर तक नहीं भटकना पड़ेगा।
समय और पैसों की बचत: स्थानीय प्राथमिक केंद्रों में स्टाफ तैनात रहने से मरीजों का समय बचेगा और यात्रा का बेवजह खर्च नहीं होगा।
समय पर आपातकालीन सेवा: ओटी टेक्नीशियन और नर्सों की मौजूदगी से इमरजेंसी मामलों में मरीजों को तुरंत देखभाल मिल सकेगी।
















