सरकारी राशन योजना से बदली सरगुजा की सरिता की जिंदगी, मजदूरी की कमाई में होने लगी बचत

सरगुजा। सरगुजा जिले के सकालो चारपारा गांव की रहने वाली सरिता पात्र के छह सदस्यीय परिवार के लिए रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करना पहले काफी चुनौती भरा था। मजदूरी से होने वाली सीमित कमाई का एक बड़ा हिस्सा चावल, तेल, नमक और शक्कर जैसी जरूरी खाद्य सामग्री खरीदने में ही खर्च हो जाता था, जिससे अन्य जरूरतों के लिए पैसे बचा पाना नामुमकिन सा था।
‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत अब सरिता के परिवार को सरकारी राशन दुकान से नियमित रूप से चावल, चना और शक्कर मिलने लगी है। इस खाद्यान्न सहायता से उनके घर का चूल्हा तो आसानी से जल ही रहा है, साथ ही राशन पर होने वाला खर्च भी काफी हद तक कम हो गया है।
पहले जहां मजดूरी के सारे पैसे सिर्फ खाने-पीने का सामान खरीदने में चले जाते थे, वहीं अब कुछ बचत होने लगी है। इस बची हुई राशि का उपयोग परिवार अपनी दूसरी जरूरी आवश्यकताओं को पूरा करने में कर रहा है। नियमित राशन मिलने से भोजन की चिंता दूर हुई है और घरेलू बजट को एक मजबूत सहारा मिला है।
सरिता ने इस राहत भरी सुविधा के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रति आभार जताया है। उनकी यह कहानी इस बात की गवाही देती है कि सरकारी खाद्यान्न सहायता किस तरह गरीब और मजदूर परिवारों की थाली सजाने के साथ-साथ उनकी गाढ़ी कमाई को बचाने में मददगार साबित हो रही है।
















