जगदलपुर में ऐतिहासिक मंथन : मध्य क्षेत्रीय परिषद की बैठक से बस्तर में सुरक्षा और विकास को मिलेगी नई गति

रायपुर। छत्तीसगढ़ का बस्तर अंचल आज एक अभूतपूर्व ऐतिहासिक आयोजन का गवाह बना है। जगदलपुर नगर में पहली बार मध्य क्षेत्रीय परिषद की उच्च स्तरीय 26वीं बैठक का आयोजन किया गया। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह की अध्यक्षता में आयोजित इस महत्वपूर्ण बैठक ने अंतरराज्यीय समन्वय, सुरक्षा और क्षेत्रीय विकास के नए प्रतिमान स्थापित करने की दिशा में ठोस कदम बढ़ाए हैं। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने इस दिन को बस्तर के इतिहास का एक स्वर्णिम और अत्यंत महत्वपूर्ण अध्याय बताया।
शीर्ष नेतृत्व का हुआ आत्मीय स्वागत
इस बेहद महत्वपूर्ण बैठक में सम्मिलित होने के लिए छत्तीसगढ़ पहुंचे मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री मोहन यादव और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी का मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने गर्मजोशी और आत्मीयता के साथ स्वागत किया। इस दौरान मुख्यमंत्री श्री साय ने दोनों राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ विभिन्न समसामयिक, प्रासंगिक और विकास से जुड़े गंभीर विषयों पर विस्तृत व सार्थक चर्चा की।
बदलते बस्तर की नई पहचान
आयोजन की महत्ता को रेखांकित करते हुए छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि बस्तर की धरती पर इस तरह की उच्च स्तरीय बैठक का होना पूरे क्षेत्र के लिए गौरव, स्वाभिमान और जन-विश्वास का विषय है। उन्होंने कहा कि एक समय था जब बस्तर की पहचान नक्सली हिंसा और उससे उपजी चुनौतियों के कारण होती थी, परंतु आज यह क्षेत्र शांति, सुदृढ़ सुरक्षा व्यवस्था और तीव्र प्रगति की एक नई मिसाल पेश कर रहा है। ऐसे सकारात्मक दौर में देश के वरिष्ठ नेतृत्व और विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्रियों की उपस्थिति यह दर्शाती है कि बस्तर का स्वरूप अब पूरी तरह बदल चुका है और आम जनता का भरोसा बढ़ा है।
अंतरराज्यीय समन्वय और आत्मनिर्भरता का मार्ग
मुख्यमंत्री ने पूर्ण विश्वास जताया कि इस उच्च स्तरीय विचार-विमर्श से न केवल विभिन्न राज्यों के बीच आपसी तालमेल और प्रशासनिक सहयोग को नई मजबूती मिलेगी, बल्कि यह बैठक आने वाले समय में एक सुरक्षित, विकसित और पूरी तरह आत्मनिर्भर बस्तर के निर्माण का मार्ग भी प्रशस्त करेगी।
















