छत्तीसगढ़ में सूर्य का तांडव : वैश्विक स्तर पर झुलसा रायपुर, रातें भी हुईं गर्म

रायपुर। छत्तीसगढ़ के अधिकांश हिस्से इस समय सूर्य की भीषण तपिश और रिकॉर्डतोड़ गर्मी का सामना कर रहे हैं। नौतपा और जेठ के इस महीने में सूरज की किरणों ने लोगों का घर से निकलना दूभर कर दिया है। स्थिति इतनी गंभीर हो चुकी है कि दोपहर के समय चलने वाली गर्म हवाओं (लू) का असर अब सूर्यास्त के बाद भी कम नहीं हो रहा है, जिससे रातें भी बेहद बेचैन करने वाली हो गई हैं। उमस और बढ़ते पारे के कारण लोगों को सामान्य से कहीं अधिक गर्मी का अहसास हो रहा है। पूरे प्रदेश में लगातार चौथे दिन भी लू का प्रकोप जारी रहा।
वैश्विक गर्म शहरों की सूची में रायपुर का नाम
शुक्रवार को प्रदेश की राजधानी रायपुर ने दुनिया के सबसे गर्म इलाकों में अपनी जगह बनाई। मौसम से जुड़े वैश्विक आंकड़ों (AQI.in) के मुताबिक, दोपहर के तकरीबन दो बजे रायपुर में पारा रिकॉर्ड 46 डिग्री सेल्सियस तक जा पहुँचा। हैरान करने वाली बात यह रही कि शाम होने के बाद भी वातावरण ठंडा नहीं हुआ। रात के करीब 7:30 बजे भी यहाँ का तापमान 42 डिग्री सेल्सियस बना हुआ था, जिसके चलते रायपुर उस समय दुनिया का दूसरा सबसे गर्म शहर दर्ज किया गया। राजधानी से सटे भिलाई और दुर्ग जिलों का भी यही हाल रहा, जहाँ शाम को तापमान 42 डिग्री के आसपास मंडराता रहा, जबकि महासमुंद में यह 41 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
मौसम वैज्ञानिकों का विश्लेषण
मौसम केंद्र के विशेषज्ञों के अनुसार, इस अप्रत्याशित गर्मी की मुख्य वजह पश्चिमी दिशा से आने वाली बेहद शुष्क और गर्म हवाएं हैं। इन थपेड़ों के कारण ही पारा सामान्य से कई डिग्री ऊपर बना हुआ है। सुबह ढलते ही धूप तीखी हो जाती है और दोपहर होते-होते सड़कों पर सन्नाटा पसर जाता है। लोग घरों में कैद रहने को मजबूर हैं और टंकियों का पानी उबलने लगा है। स्थिति यह है कि दोपहर 12 बजे से पहले ही पारा 40 डिग्री को पार कर जाता है।
आगामी दिनों का पूर्वानुमान
फिलहाल इस झुलसाने वाली गर्मी से राहत मिलने की कोई उम्मीद नजर नहीं आ रही है। मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले 27 मई तक प्रदेश को इसी तरह की भीषण तपिश और लू का सामना करना पड़ेगा। आने वाले कुछ दिनों तक दिन और रात के तापमान में कोई बड़ी गिरावट होने के आसार नहीं हैं, जिसका साफ मतलब है कि छत्तीसगढ़ वासियों को अभी कुछ और दिन इस आग उगलते मौसम को झेलना होगा।
















