महतारी वंदन योजना : आत्मनिर्भरता की राह पर सक्ती की सुनीता श्रीवास

सक्ती। छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा शुरू की गई ‘महतारी वंदन योजना’ प्रदेश की महिलाओं को वित्तीय रूप से मजबूत और स्वावलंबी बनाने में बेहद मददगार साबित हो रही है। इस योजना के तहत मिलने वाली मासिक वित्तीय सहायता ने महिलाओं को न केवल आर्थिक संबल दिया है, बल्कि घरेलू फैसलों और जिम्मेदारियों में उनकी भागीदारी भी बढ़ाई है।
ऐसी ही एक सफलता की कहानी सक्ती विकासखंड के ग्राम किरारी की रहने वाली श्रीमती सुनीता श्रीवास की है। योजना का लाभ मिलने के बाद सुनीता के जीवन में बड़ा सकारात्मक बदलाव आया है।
छोटे खर्चों के लिए खत्म हुई निर्भरता
सुनीता श्रीवास ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि:
पहले उन्हें छोटी-मोटी जरूरतों और घरेलू खर्चों के लिए परिवार के अन्य सदस्यों पर आश्रित रहना पड़ता था।
अब योजना के जरिए हर महीने मिलने वाली निश्चित राशि ने उन्हें आत्मनिर्भर बना दिया है।
इस राशि का उपयोग वे बच्चों की परवरिश, पढ़ाई-लिखाई और घर के दैनिक खर्चों में हाथ बंटाने के लिए कर रही हैं।
बढ़ा आत्मसम्मान और आत्मविश्वास
“यह योजना सिर्फ एक आर्थिक मदद नहीं है, बल्कि इसने हमारे भीतर एक नया आत्मविश्वास और सम्मान जगाया है। अब हम परिवार की आर्थिक कमान संभालने में अधिक सक्षम और सक्रिय महसूस करती हैं।”
— श्रीमती सुनीता श्रीवास
शासन-प्रशासन का जताया आभार
सुनीता ने महिलाओं के जीवन स्तर को सुधारने वाली इस कल्याणकारी पहल के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय और महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया। उन्होंने कहा कि यह योजना छत्तीसगढ़ की नारी शक्ति को सशक्त बनाने की दिशा में एक क्रांतिकारी कदम है।
















