रक्त सेवा शिविर : मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े बोलीं—स्वैच्छिक रक्तदान से बच सकती है अनमोल जिंदगी

रायपुर। छत्तीसगढ़ की महिला, बाल विकास और समाज कल्याण मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा है कि स्वेच्छा से किया गया रक्तदान किसी भी जरूरतमंद मरीज के लिए नया जीवन साबित होता है। आपातकालीन परिस्थितियों में समय पर रक्त मिल सके, इसके लिए समाज के हर जागरूक नागरिक को आगे आना होगा। उन्होंने विशेष रूप से युवाओं का आह्वान किया कि वे बढ़-चढ़कर रक्तदान करें और दूसरों को भी इस नेक काम के लिए प्रेरित करें।
मंत्री राजवाड़े भैयाथान विकासखंड के सलका प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में ‘सेवा संकल्प अभियान’ के अंतर्गत आयोजित निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण और रक्तदान शिविर में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। इस आयोजन के दौरान 11 नागरिकों ने स्वेच्छा से रक्तदान किया, जबकि 77 लोगों ने अपने स्वास्थ्य की जांच कराई। मंत्री ने सभी रक्तदाताओं का अभिनंदन कर उनका हौसला बढ़ाया।
स्वास्थ्य और सामाजिक समरसता पर जोर
अपने संबोधन में मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने बीमारियों की समय पर रोकथाम के लिए लोगों को अपनी सेहत के प्रति सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि वे सरकार की तरफ से चलाई जा रही स्वास्थ्य सुविधाओं का पूरा फायदा उठाएं और समय-समय पर अपनी जांच करवाएं। उन्होंने कहा कि ‘सेवा संकल्प अभियान’ समाज के हर तबके को जनहित के कार्यों से जोड़ने का एक बेहतरीन जरिया है।
इस दौरान उन्होंने समाज से छुआछूत और भेदभाव जैसी कुप्रथाओं को मिटाकर आपसी भाईचारा, समानता और सद्भाव कायम करने का संदेश दिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्षों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि जनभागीदारी के जरिए ही राष्ट्र निर्माण और जनकल्याण के संकल्प को पूरा किया जा सकता है।
वन विकास निगम अध्यक्ष का संदेश
कार्यक्रम में मौजूद वन विकास निगम के अध्यक्ष श्री रामसेवक पैकरा ने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि रक्तदान इंसान का समाज के प्रति सबसे बड़ा दायित्व है, जिससे किसी की जिंदगी बचाई जा सकती है। उन्होंने युवाओं से स्वैच्छिक रक्तदान अभियान को और मजबूत करने तथा स्थानीय स्वास्थ्य शिविरों में डॉक्टर की सलाह व जांच का लाभ लेने की बात कही।
शिविर के दौरान स्वास्थ्य विभाग के विशेषज्ञों ने ग्रामीणों को रक्त दान करने से जुड़े फायदों और स्वास्थ्य संबंधी अहम जानकारियां दीं। इस अवसर पर खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. राकेश सिंह, बीपीएम श्रीमती कंचन देवांगन, पीएचसी प्रभारी, सीएचओ, मेडिकल स्टाफ और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
















