तीजा मिलन समारोह : सीएम साय बोले—माताओं की निष्ठा और खुशहाली का प्रतीक है यह त्यौहार

बिलासपुर। बहतराई स्टेडियम में आयोजित तीजा मिलन समारोह में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने भाग लिया और प्रदेशवासियों को तीजा पर्व की शुभकामनाएं दीं। इस दौरान पूरा परिसर पारंपरिक छत्तीसगढ़ी रंग-ढंग, झूलों, मेहंदी और सांस्कृतिक कार्यक्रमों से सराबोर दिखा। कार्यक्रम में महिलाओं और बच्चों के लिए खान-पान व उपहारों की विशेष व्यवस्था की गई थी।
नारी सशक्तिकरण और सरकारी योजनाएं
समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि तीजा का त्यौहार महिलाओं के त्याग, समर्पण और पारिवारिक खुशहाली का पर्व है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार महिलाओं के सम्मान और आर्थिक स्वावलंबन के लिए प्रतिबद्ध है:
महतारी वंदन योजना: प्रदेश की लगभग 68 लाख महिलाओं को नियमित रूप से वित्तीय सहायता दी जा रही है।
लखपति और ड्रोन दीदी: राज्य की 13.85 लाख से अधिक महिलाएं ‘लखपति दीदी’ बन चुकी हैं। वहीं, ड्रोन दीदियां तकनीक के जरिए प्रतिदिन 6,000 से 7,000 रुपये तक कमा रही हैं।
उद्योगों में प्रोत्साहन: महिलाओं को स्वरोजगार और उद्योगों से जोड़ने के लिए 50% तक सब्सिडी का प्रावधान किया गया है।
प्रमुख घोषणाएं
ग्राम नाम परिवर्तन: बिल्हा विकासखंड के ‘चोरहादेवरी’ गांव का नाम बदलकर ‘रामदेवरी’ करने का ऐलान किया गया।
बेलतरा महोत्सव: माघी पूर्णिमा पर आयोजित होने वाले बेलतरा महोत्सव के लिए 30 लाख रुपये की राशि स्वीकृत की गई।
अन्य अतिथियों के विचार
उप मुख्यमंत्री अरुण साव, महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े और विधायक सुशांत शुक्ला ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। वक्ताओं ने कहा कि यह पर्व हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाने और सामाजिक समरसता को मजबूत करने का काम करता है।
इस अवसर पर स्थानीय विधायक, जनप्रतिनिधि, संभागायुक्त, कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक सहित भारी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
















