मानसिक शांति और प्रसन्नता के लिए अपनाएं ये 3 प्रभावी योगासन

हेल्थ न्युज (एजेंसी)। आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में तनाव और चिंता एक आम समस्या बन गई है। हर साल 21 जून को ‘अंतरराष्ट्रीय योग दिवस’ मनाने का मुख्य उद्देश्य भी यही है कि लोग शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूक हों। योग न केवल शरीर को लचीला बनाता है, बल्कि डिप्रेशन जैसी मानसिक चुनौतियों से लड़ने में भी संजीवनी का काम करता है।
यदि आप भी मानसिक भारीपन महसूस करते हैं, तो नीचे दिए गए तीन आसनों को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा जरूर बनाएं:
- बालासन (Child’s Pose)
यह आसन मन को शांत करने और थकान मिटाने के लिए सबसे उत्तम माना जाता है। यह तनाव को कम कर शरीर को विश्राम की स्थिति में लाता है।
विधि:
योग मैट पर वज्रासन में बैठ जाएं (घुटनों के बल)।
दोनों घुटनों के बीच थोड़ी दूरी बनाएं और लंबी सांस लेते हुए आगे की ओर झुकें।
अपने माथे को जमीन से टिकाएं और हाथों को आगे की ओर फैलाकर रखें।
इस मुद्रा में गहरी सांसें लें और जब तक सहज महसूस हो, तब तक इसी स्थिति में रहें।
- अधोमुख श्वानासन (Downward-Facing Dog Pose)
यह आसन मस्तिष्क में रक्त के संचार (Blood Flow) को बेहतर बनाता है, जिससे एकाग्रता बढ़ती है और घबराहट कम होती है।
विधि:
अपने हाथों और पैरों के बल जमीन पर इस तरह आएं कि आपका शरीर एक मेज जैसी आकृति बना ले।
अब सांस छोड़ते हुए कूल्हों को ऊपर की ओर उठाएं और घुटनों व कोहनियों को सीधा करें।
कोशिश करें कि आपका शरीर उल्टे ‘V’ के आकार में हो और एड़ियां जमीन को छुएं।
कुछ सेकंड रुकें और फिर धीरे-धीरे सामान्य स्थिति में आ जाएं।
- उर्ध्व मुख श्वानासन (Upward-Facing Dog Pose)
यह आसन छाती के विस्तार में मदद करता है, जिससे फेफड़े खुलते हैं और दबी हुई भावनात्मक परेशानी दूर होती है। यह हृदय और मस्तिष्क में स्पष्टता लाता है।
विधि:
पेट के बल सीधे लेट जाएं और पैरों के पंजों को पीछे की ओर फैलाएं।
अपनी हथेलियों को कंधों के बगल में जमीन पर रखें।
सांस भरते हुए हाथों पर जोर दें और अपने ऊपरी शरीर (छाती और सिर) को ऊपर की ओर उठाएं।
कंधों को पीछे की ओर खींचते हुए आसमान की तरफ देखें।
शरीर में खिंचाव महसूस करें और फिर धीरे से वापस लेट जाएं।
विशेष सलाह: इन योगासनों का अभ्यास खाली पेट और शांत वातावरण में करना अधिक लाभदायक होता है। यदि आपको रीढ़ की हड्डी या गंभीर घुटने का दर्द है, तो विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।
















