हेल्पलाइन 1076 बनी वरदान : खेत में पशु चरा रहे किसान की 24 घंटे में दूर हुई खाद-बीज की चिंता

रायपुर। छत्तीसगढ़ के नागरिकों की शिकायतों को जल्द से जल्द सुलझाने के लिए शुरू की गई ‘मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076’ ज़मीनी स्तर पर बेहद असरदार साबित हो रही है। इस हेल्पलाइन की मुस्तैदी का एक ताज़ा और मिसाली मामला सरगुजा जिले के ग्राम सराईटीकरा से सामने आया है, जहाँ महज़ एक दिन के भीतर एक परेशान किसान की समस्या का निपटारा कर दिया गया।
दरअसल, गाँव के रहने वाले किसान राजनाथ राजवाड़े आगामी खरीफ सीजन में खेती के लिए खाद और बीज के इंतजाम को लेकर काफी परेशान थे। एक दिन खेत में अपने बैलों को चराते समय उन्हें सरकार की टोल-फ्री हेल्पलाइन 1076 के बारे में पता चला। उन्होंने बिना समय गंवाए तुरंत फोन लगाकर अपनी परेशानी दर्ज करा दी।
शिकायत मिलते ही जिला प्रशासन तुरंत एक्शन मोड में आ गया। फ़ोन कटने के महज़ दो घंटे बाद ही कृषि विभाग की टीम ने किसान से संपर्क किया और उनके घर पहुंच गई।
जब अधिकारियों ने मामले की पड़ताल की, तो सामने आया कि सरकारी दरों पर खाद-बीज पाने के लिए राजनाथ का सहकारी बैंक में खाता होना और ‘किसान क्रेडिट कार्ड’ (KCC) बना होना ज़रूरी था, जो कि उनके पास नहीं था। इसके बाद विभाग के कर्मचारियों ने खुद आगे बढ़कर सारी कागजी औपचारिकताएं पूरी करवाईं। चूंकि उस दिन बैंक बंद होने का समय हो चुका था, इसलिए अगली ही सुबह विशेष प्राथमिकता देते हुए किसान का बैंक खाता खुलवाया गया और उन्हें पासबुक सौंप दी गई।
इसके तुरंत बाद प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए राजनाथ का किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) भी जारी कर दिया। कार्ड बनते ही उन्हें उसी समय ज़रूरी खाद और बीज मुहैया करा दिए गए। इस कार्ड के बनने से अब भविष्य में उन्हें खेती-किसानी के लिए लोन या नकद राशि लेने में कोई दिक़्क़त नहीं आएगी।
घर बैठे और बिना किसी दफ्तर के चक्कर काटे अपनी समस्या का ऐसा त्वरित समाधान देखकर किसान राजनाथ राजवाड़े बेहद खुश हैं। अपनी ख़ुशी जाहिर करते हुए उन्होंने बताया कि हेल्पलाइन पर बात करने के सिर्फ 24 घंटे के अंदर ही उनकी बरसों की समस्या सुलझ गई और अधिकारियों ने घर आकर उनकी मदद की। इस संवेदनशील और जनहितैषी पहल के लिए उन्होंने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय और जिला प्रशासन का दिल से शुक्रिया अदा किया है।
















