ब्रांडेड बताकर बेची जा रही थीं नकली घड़ियां, दुर्ग पुलिस ने दुकान संचालक को दबोचा

दुर्ग। दुर्ग के प्रमुख इंदिरा मार्केट में नामी कंपनियों के फर्जी उत्पाद बेचने वाले एक गिरोह का भंडाफोड़ हुआ है। कोतवाली पुलिस की टीम ने ‘सत कबीर वाच’ नामक प्रतिष्ठान पर अचानक छापा मारकर भारी मात्रा में फर्जी घड़ियां बरामद की हैं। इस कार्रवाई में दुकान मालिक कमलेश निर्मलकर (41 वर्ष) को हिरासत में ले लिया गया है।
कंपनी की शिकायत पर हुई छापेमारी
मामला तब सामने आया जब टाइटन कंपनी के अधिकृत प्रतिनिधि गौरव तिवारी ने थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने आरोप लगाया कि उक्त विक्रेता ग्राहकों को भ्रमित कर टाइटन और फास्ट्रैक जैसे लोकप्रिय ब्रांड्स के फर्जी मॉडल असली दामों पर बेच रहा है। सूचना की पुष्टि के बाद पुलिस टीम ने शाम के समय दुकान की घेराबंदी की।
क्या-क्या हुआ बरामद?
नकली घड़ियां: 280 थान (टाइटन और फास्ट्रैक मार्क)
फर्जी ब्रांड टैग: 275 फास्ट्रैक के टैग
अन्य सामग्री: आरोपी का मोबाइल फोन (जिसका इस्तेमाल लेनदेन में होता था)
कड़ी धाराओं में मामला दर्ज
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4) और कॉपीराइट एक्ट 1957 की धारा 63 के तहत मुकदमा (अपराध क्रमांक 0483/2026) दर्ज किया है। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि ट्रेडमार्क का अनधिकृत इस्तेमाल और ग्राहकों से धोखाधड़ी करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
पुलिस की चेतावनी: दुर्ग पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि वे अधिकृत स्टोर से ही सामान खरीदें। साथ ही, व्यापारियों को हिदायत दी गई है कि पायरेटेड या कॉपीराइट का उल्लंघन करने वाली सामग्रियां बेचने पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
















