काशी में ‘नारी शक्ति’ का शंखनाद : पीएम मोदी के स्वागत में उमड़ेगा 50 हजार महिलाओं का जनसैलाब

वाराणसी (एजेंसी)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आगामी वाराणसी दौरे को लेकर धर्मनगरी में उत्साह का माहौल है। 28 और 29 अप्रैल को प्रस्तावित इस दो दिवसीय प्रवास को ‘नारी शक्ति’ के उत्सव के रूप में मनाने की भव्य तैयारी की जा रही है। इस दौरे का मुख्य आकर्षण बरेका (BLW) परिसर में आयोजित होने वाला ‘नारी शक्ति महोत्सव’ होगा, जहाँ आधी आबादी प्रधानमंत्री का अभिनंदन करेगी।
मातृशक्ति के हाथों में होगी आयोजन की कमान
हाल ही में सर्किट हाउस में आयोजित एक संगठनात्मक बैठक में भाजपा के प्रदेश महामंत्री (संगठन) धर्मपाल सिंह ने तैयारियों की समीक्षा की। इस बार के कार्यक्रम की विशेषता यह है कि इसकी संपूर्ण व्यवस्था और संचालन की जिम्मेदारी महिलाओं को सौंपी गई है।
ऐतिहासिक भागीदारी: बरेका मैदान में आयोजित सभा में 50,000 से अधिक महिलाओं के जुटने का लक्ष्य रखा गया है।
संगठनात्मक मंत्र: महिला मोर्चा की पदाधिकारियों को बूथ स्तर तक जनसंपर्क करने और अनुशासन के साथ कार्यक्रम को सफल बनाने का निर्देश दिया गया है।
राजनीतिक संदेश: बैठक के दौरान ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ पर चर्चा करते हुए विपक्षी दलों के रुख की आलोचना की गई और इसे महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक क्रांतिकारी कदम बताया गया।
विकास की बड़ी सौगात: 6000 करोड़ की परियोजनाओं का उपहार
प्रधानमंत्री अपने इस दौरे पर केवल संवाद ही नहीं करेंगे, बल्कि काशी को 6,000 करोड़ रुपये से अधिक की विकास परियोजनाओं का उपहार भी देंगे।
संभावित प्रमुख परियोजनाएं:
परियोजना का नाम,प्रकार,महत्व
सिग्नेचर ब्रिज,शिलान्यास,यातायात सुगमता और पर्यटन को बढ़ावा
लाट भैरव सेतु,लोकार्पण,स्थानीय कनेक्टिविटी में सुधार
सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (रामनगर),शिलान्यास,कौशल विकास और तकनीक को प्रोत्साहन
अमृत योजना 2.0 (वरुणा पार्क),शिलान्यास,शहरी बुनियादी ढांचे और पर्यावरण का संरक्षण
दौरे का कार्यक्रम
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, प्रधानमंत्री 28 अप्रैल को वाराणसी पहुँचेंगे और बरेका में विशाल जनसभा को संबोधित करेंगे। वे उसी रात काशी में विश्राम करेंगे और अगले दिन, 29 अप्रैल को गंतव्य के लिए प्रस्थान करेंगे। भाजपा काशी क्षेत्र के अध्यक्ष दिलीप पटेल के अनुसार, यह आयोजन न केवल एक स्वागत समारोह होगा, बल्कि राष्ट्र निर्माण में महिलाओं की बढ़ती भूमिका का एक सशक्त प्रमाण बनेगा।
















