जशपुर के रंजीता स्टेडियम में मची दही हांडी की धूम, राज्य के संस्कृति मंत्री हुए शामिल

जशपुर। जशपुर स्थित रंजीता स्टेडियम में जन्माष्टमी के उपलक्ष्य में विशाल दही हांडी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे। श्रद्धालुओं और युवाओं के भारी जनसैलाब के बीच आयोजित इस कार्यक्रम में चारों ओर ‘जय श्री कृष्णा’ के नारे गूंजते रहे।
साहस और एकजुटता का दिखा अद्भुत संगम
उत्सव की मुख्य धुरी दही हांडी फोड़ने वाली गोविंदा टोलियां रहीं, जिन्होंने मानव पिरामिड बनाकर अपनी हिम्मत, आपसी तालमेल और अनुशासन का परिचय दिया। हांडी फूटते ही पूरा परिसर उल्लास से भर उठा। इस दौरान श्रीकृष्ण भजनों की प्रस्तुतियों ने माहौल को और अधिक भक्तिमय बना दिया।
संस्कृति मंत्री का संदेश: परंपराएं ही हमारी असली धरोहर
युवाओं का उत्साहवर्धन करते हुए मंत्री राजेश अग्रवाल ने प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दीं। अपने संबोधन में उन्होंने प्रमुख बातें रखीं:
सामूहिक प्रयास की सीख: दही हांडी केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि एकता और विश्वास का प्रतीक है। जिस तरह गोविंदा मिलकर ऊंचाई हासिल करते हैं, वैसे ही संगठित होकर समाज हर चुनौती को पार कर सकता है।
विरासत का संरक्षण: छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति को संजोकर भावी पीढ़ी तक पहुंचाना हम सभी का कर्तव्य है।
सामाजिक समरसता: ऐसे धार्मिक आयोजन भेदभाव मिटाकर आपसी भाईचारे और सद्भाव को मजबूत करते हैं।
संस्कृति मंत्री ने सफल आयोजन के लिए स्थानीय समिति, गोविंदा टोलियों और उपस्थित जनसमूह को बधाई दी। उन्होंने कहा कि जशपुर की यह सांस्कृतिक जीवंतता पूरे राज्य के लिए गर्व का विषय है।
















