राहुल गांधी के इंदौर कार्यक्रम में PM मोदी की मिमिक्री पर बढ़ा सियासी पारा, सीएम साय और मोहन यादव ने साधा निशाना

रायपुर। इंदौर में आयोजित कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मिमिक्री का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। कार्यक्रम मंच से स्टैंड-अप कॉमेडियन पुलकित मणि द्वारा प्रधानमंत्री के भाषण देने के तरीके और उनकी ‘हग डिप्लोमेसी’ का मज़ाक उड़ाए जाने पर भारतीय जनता पार्टी के नेताओं ने कड़ी आपत्ति जताई है।
छत्तीसगढ़ सीएम साय का भावुक और तीखा हमला
मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ (पूर्व में ट्विटर) पर एक काव्यात्मक पोस्ट साझा की। यद्यपि उन्होंने सीधे तौर पर कार्यक्रम का उल्लेख नहीं किया, लेकिन उनका इशारा साफ था।
सीएम साय ने लिखा कि माँ ममता, करुणा और जीवन का आधार है तथा संपूर्ण संसार माँ के चरणों में समर्पित है। उन्होंने आगे जोड़ा कि जो व्यक्ति अपनी माँ का अपमान या तिरस्कार करता है, वह कुपुत्र कहलाता है और उसे कहीं शरण नहीं मिलती। मुख्यमंत्री का यह बयान सोशल मीडिया पर तेज़ी से साझा किया जा रहा है।
क्या था पूरा विवाद?
19 सितंबर को इंदौर में युवाओं और छात्रों के साथ संवाद के लिए ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इस दौरान कॉमेडियन पुलकित मणि ने पीएम मोदी के शारीरिक हाव-भाव और बोलने की शैली की नकल उतारी। विवाद तब और गहरा गया जब पीएम मोदी के एक पुराने भाषण—जिसमें उन्होंने एक बुजुर्ग महिला के लिए कुर्सी की व्यवस्था करवाई थी—का जिक्र मिमिक्री के दौरान किया गया। इस पूरे घटनाक्रम के समय मंच पर उपस्थित राहुल गांधी हंसते हुए देखे गए, जिससे विवाद अधिक बढ़ गया।
एमपी के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने बताया ‘शर्मनाक’
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने भी इस मामले पर गहरा रोष व्यक्त करते हुए कार्यक्रम को ‘झूठ की गूंज’ करार दिया। उन्होंने X पर लिखा कि राहुल गांधी का यह गैर-जिम्मेदाराना आचरण देश की सांस्कृतिक परंपराओं और मातृ-शक्ति के सम्मान का हनन करता है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस तरह के कृत्यों से युवाओं को गलत दिशा में प्रेरित किया जा रहा है।
















