कार्डियक अरेस्ट से पहले शरीर देता है ये चेतावनी संकेत, महिला और पुरुषों में दिखते हैं अलग लक्षण

हेल्थ न्युज (एजेंसी)। देशभर में हृदय संबंधी बीमारियों और कार्डियक अरेस्ट के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। यह समस्या केवल बुजुर्गों तक सीमित न रहकर अब युवाओं को भी अपनी चपेट में ले रही है। यही वजह है कि लोग अपनी सेहत को लेकर अधिक सतर्क हो रहे हैं और डॉक्टर जीवनशैली में बदलाव की सलाह दे रहे हैं।
विशेषज्ञों के अनुसार, किसी बड़ी दिल की समस्या से बचने के लिए शरीर द्वारा मिलने वाले शुरुआती संकेतों को पहचानना बहुत जरूरी है।
24 घंटे पहले मिलते हैं संकेत
एक शोध के अनुसार, लगभग आधा (50%) मरीजों को कार्डियक अरेस्ट आने से करीब 24 घंटे पहले ही शरीर में कुछ असामान्य लक्षण दिखाई देने लगते हैं। कार्डियक अरेस्ट की स्थिति तब उत्पन्न होती है जब हृदय अचानक पूरे शरीर में रक्त पहुंचाना बंद कर देता है, जिससे व्यक्ति की सांस रुकने लगती है।
लैंगिक आधार पर अलग-अलग लक्षण
अमेरिका के सीडर्स-सिनाई मेडिकल सेंटर स्थित ‘स्मिड्ट हार्ट इंस्टीट्यूट’ के अध्ययन से सामने आया है कि महिलाओं और पुरुषों में कार्डियक अरेस्ट के शुरुआती लक्षण अलग-अलग हो सकते हैं:
महिलाओं में: सबसे मुख्य संकेत सांस लेने में अचानक कठिनाई होना है।
पुरुषों में: सबसे प्रमुख लक्षण सीने में तेज दर्द होना है।
अन्य सामान्य लक्षण
अत्यधिक पसीना आना
सीने में ऐंठन या तेज दर्द
सांस फूलना या घबराहट
अचानक कमजोरी और जी मिचलाना
कार्डियक अरेस्ट से बचाव के तरीके
खान-पान में सुधार: अत्यधिक मीठे, फैट युक्त भोजन और कार्बोनेटेड पेय पदार्थों से दूरी बनाएं।
शारीरिक सक्रियता: नियमित रूप से व्यायाम करें और वजन नियंत्रित रखें।
बीमारियों का प्रबंधन: डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर और कोलेस्ट्रॉल (डिस्लिपिडेमिया) के स्तर को नियंत्रण में रखें।
आदतों में बदलाव: धूम्रपान और नशीली वस्तुओं के सेवन से पूरी तरह परहेज करें।
















