आधुनिक संसाधनों से बदली छत्तीसगढ़ के मछुआरों की तकदीर, मुख्यमंत्री ने बांटी सामग्री

कोंडागांव। ग्रामीण क्षेत्रों में पारंपरिक व्यवसायों को बढ़ावा देने और मछुआरों की आय दोगुनी करने के उद्देश्य से कोंडागांव के बड़ेकनेरा ग्राम पंचायत में एक विशेष समाधान शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने मत्स्य पालन से जुड़े स्थानीय नागरिकों को आधुनिक व्यावसायिक उपकरण सौंपे, ताकि उनके काम को एक नई रफ्तार मिल सके।
सुरक्षित परिवहन के लिए मिलीं मोटरसाइकिल और आइस बॉक्स
मछली पालन के व्यवसाय में सबसे बड़ी चुनौती पैदावार को समय पर और सुरक्षित तरीके से बाजार तक पहुंचाना होता है। इस समस्या के समाधान के लिए मुख्यमंत्री ने ग्राम मालाकोट के कमल सिंह नेताम और जोबा निवासी नरेंद्र कश्यप को मोटरसाइकिल के साथ आइस बॉक्स (बर्फ की पेटी) वितरित किए।
इन उपकरणों की मदद से अब मछुआरे अपनी उपज को बिना खराब किए दूर-दराज के बड़े बाजारों तक आसानी से ले जा सकेंगे। स्थानीय हितग्राहियों का कहना है कि पहले कोल्ड स्टोरेज और तेज परिवहन की सुविधा न होने से मछलियां जल्दी खराब हो जाती थीं, जिससे भारी नुकसान उठाना पड़ता था। अब आइस बॉक्स होने से मछलियों की ताजगी बनी रहेगी और बाजार में उनके बेहतर दाम मिलेंगे, जिससे समय और पैसे दोनों की बचत होगी।
नए और आधुनिक जालों से बढ़ेगा उत्पादन
इसी कार्यक्रम के दौरान बड़ेकनेरा के ललित बघेल और रामलाल नेताम को मछली पकड़ने के आधुनिक जाल दिए गए। पारंपरिक जालों की तुलना में ये आधुनिक जाल कम समय में ज्यादा और बेहतर शिकार करने में मददगार साबित होंगे। इससे मत्स्य उत्पादन में बढ़ोतरी होगी और स्थानीय मछुआरों का काम पहले से कहीं अधिक व्यवस्थित और मुनाफेदार बनेगा।
आत्मनिर्भर ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर सरकार का जोर
इस मौके पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि राज्य सरकार का मुख्य लक्ष्य सिर्फ सहायता राशि देना नहीं, बल्कि ग्रामीण आबादी को आत्मनिर्भर बनाना है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि मत्स्य पालन आज के समय में आजीविका का एक मजबूत जरिया बन चुका है। सरकार पारंपरिक कामकाज को नई तकनीक और संसाधनों से जोड़कर ग्रामीणों के जीवन स्तर को स्थायी रूप से सुधारने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
उपकरण पाने वाले स्थानीय नागरिकों ने इस मदद के लिए प्रशासन का आभार जताया और भरोसा जताया कि इन आधुनिक साधनों के बूते वे अपने व्यवसाय को नई ऊंचाइयों पर ले जाएंगे।
















