मुंगेली में सुशासन तिहार : सरकारी योजनाओं और जनसमस्याओं के त्वरित समाधान का बना गवाह

रायपुर। राज्य सरकार की जनकल्याणकारी नीतियों को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाने और आम जनता की शिकायतों का मौके पर ही निपटारा करने के उद्देश्य से मुंगेली जिला मुख्यालय के सतनाम भवन में एक विशाल ‘समाधान शिविर’ (सुशासन तिहार) का आयोजन किया गया। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की मंशा के अनुरूप आयोजित इस शिविर में आस-पास के ग्रामीणों और स्थानीय नागरिकों ने बड़ी संख्या में हिस्सा लिया। कार्यक्रम की शुरुआत पारंपरिक रूप से दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई, जिसके बाद लोगों ने सरकारी स्टॉलों से विभिन्न योजनाओं की जानकारी ली और अपनी माँगें व आवेदन अधिकारियों के समक्ष प्रस्तुत किए।
योजनाओं की पहुँच और पर्यावरण जागरूकता
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि क्षेत्रीय विधायक श्री पुन्नूलाल मोहले थे। उन्होंने शिविर में लगे विभिन्न विभागीय स्टॉलों का निरीक्षण किया और अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए कि हर पात्र व्यक्ति को सरकारी योजनाओं का सीधा लाभ मिलना चाहिए। इस दौरान जन-जागरूकता फैलाने के लिए सांस्कृतिक कार्यक्रमों और नुक्कड़-नाटक का सहारा लिया गया। कलाकारों ने गीले-सूखे कचरे के पृथक्करण, स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण के महत्व को समझाते हुए वैज्ञानिक तरीके से कचरा प्रबंधन करने का संदेश दिया।
विधायक मोहले का संबोधन: ई-केवाईसी और सुचारू व्यवस्था पर जोर
नागरिकों को संबोधित करते हुए विधायक श्री पुन्नूलाल मोहले ने कहा:
“जनता की समस्याओं का तेजी से और सही समाधान करना ही असल मायने में सुशासन है।”
उन्होंने राशन वितरण प्रणाली को पारदर्शी और बेहतर बनाने के लिए सभी उपभोक्ताओं से ई-केवाईसी (e-KYC) करवाने की अपील की। इसके साथ ही उन्होंने बिजली चोरी रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाने के निर्देश दिए। विधायक ने ‘सुशासन तिहार’ के तहत मिले आवेदनों को गंभीरता से सुलझाने के लिए मुंगेली जिला प्रशासन के प्रयासों की सराहना की और उन्हें बधाई दी।
कलेक्टर के निर्देश: वर्षा ऋतु से पहले सुधार कार्य हों पूरे
मुंगेली कलेक्टर श्री कुन्दन कुमार ने प्रशासनिक अधिकारियों को संवेदनशीलता और पूरी जवाबदेही के साथ काम करने की हिदायत दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि नागरिकों की हर समस्या का समाधान तय समय सीमा के भीतर और गुणवत्ता के साथ होना चाहिए। मानसून की शुरुआत को देखते हुए उन्होंने बिजली विभाग को निर्देश दिए कि वे बारिश से पहले ही मेंटेनेंस (रखरखाव) का काम पूरा कर लें ताकि आम जनता को बिजली कटौती या खराबी का सामना न करना पड़े।
हितग्राहियों को मिली राहत, होनहार छात्र हुए सम्मानित
इस शिविर में कई सरकारी योजनाओं के तहत पात्र लोगों को सामग्री और वित्तीय सहायता राशि के स्वीकृति पत्र बांटे गए:
किसान क्रेडिट कार्ड (KCC): 5 किसानों को खेती-किसानी के लिए कुल 3 लाख 38 हजार रुपये के चेक सौंपे गए।
कार्ड वितरण: इसके अतिरिक्त श्रम कार्ड, आयुष्मान कार्ड, आयुष्मान वय वंदना कार्ड और नए राशन कार्ड वितरित किए गए।
मछली पालन: मछुआरों को आजीविका के लिए मत्स्य जाल प्रदान किए गए।
कार्यक्रम के अंत में बोर्ड परीक्षाओं में बेहतरीन अंक हासिल करने वाले क्षेत्र के मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित कर उनका हौसला बढ़ाया गया। इस पूरे आयोजन में स्थानीय जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।
















