
वनडे क्रिकेट के 5000 मैच पूरे : सचिन का 18,426 रनों का कीर्तिमान आज भी अटूट
स्पोर्ट न्युज (एजेंसी)। 7 अगस्त को स्कॉटलैंड और कनाडा के बीच खेला गया मुकाबला एक दिवसीय अंतरराष्ट्रीय (ODI) क्रिकेट के इतिहास का 5000वां मैच बन गया। इस रोमांचक मैच में स्कॉटलैंड ने कनाडा को 9 रन से मात देकर इतिहास के पन्नों में अपना नाम दर्ज कराया। टेस्ट प्रारूप के बाद अस्तित्व में आए वनडे क्रिकेट ने दशकों तक दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया है। हालांकि, टी20 फॉर्मेट के बढ़ते प्रभाव और व्यस्त शेड्यूल के कारण अब वनडे के भविष्य पर लगातार बहस छिड़ी हुई है।
खेल के तीनों मुख्य प्रारूपों की तुलना करें तो वनडे में अब तक सर्वाधिक मुकाबले आयोजित हुए हैं। टेस्ट क्रिकेट में जहां 2628 मैच हुए हैं, वहीं टी20 अंतरराष्ट्रीय में 4059 मुकाबले खेले जा चुके हैं। टी20 की रफ्तार को देखते हुए यह अनुमान लगाया जा रहा है कि आने वाले समय में यह वनडे के कुल मैचों की संख्या को पीछे छोड़ देगा। इसके बावजूद, वनडे इतिहास में कई ऐसे विशाल रिकॉर्ड दर्ज हैं जिन्हें पार करना बेहद कठिन है।
इस 5000वें मैच के ऐतिहासिक अवसर पर वनडे के महानतम रिकॉर्ड्स की चर्चा होना स्वाभाविक था। इनमें सबसे प्रमुख नाम भारत के पूर्व दिग्गज बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर का है। 2012 में अपना अंतिम वनडे खेलने वाले सचिन के नाम 18,426 रन दर्ज हैं, जो इस प्रारूप में सर्वोच्च हैं। उनके संन्यास के वर्षों बाद भी यह रिकॉर्ड पूरी तरह सुरक्षित है।
सक्रिय खिलाड़ियों में केवल विराट कोहली 14,941 रनों के साथ उनके सबसे करीब हैं, फिर भी सचिन और उनके बीच 3,485 रनों का बड़ा अंतर मौजूद है। हालांकि कोहली अब पूरी तरह वनडे फॉर्मेट पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं, लेकिन बढ़ती उम्र और वनडे मैचों की कम होती संख्या को देखते हुए सचिन का यह रिकॉर्ड तोड़ना लगभग असंभव माना जा रहा है।
केवल व्यक्तिगत रन ही नहीं, वनडे इतिहास में कई अन्य कीर्तिमान भी लंबे समय तक चर्चा का विषय रहे हैं:
विव रिचर्ड्स की ऐतिहासिक बड़ी पारी
चमिंडा वास के एक मैच में सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी आंकड़े
मुथैया मुरलीधरन के सबसे अधिक विकेट
शाहिद अफरीदी और सनथ जयसूर्या की सबसे तेज शतक व अर्धशतक की पारियां
वकार यूनिस द्वारा सर्वाधिक बार 5 विकेट लेने का रिकॉर्ड
5000 मैचों का आंकड़ा छूने के साथ वनडे क्रिकेट अपनी स्वर्णिम यात्रा का जश्न मना रहा है, वहीं सचिन तेंदुलकर के 18,426 रन यह साबित करते हैं कि कुछ महान रिकॉर्ड्स वक्त के साथ और भी नायाब होते जाते हैं।
















