छत्तीसगढ़ में भारी बारिश से जनजीवन बेहाल : गरियाबंद में उफान पर नदियाँ, रायपुर मार्ग ठप, जलमग्न हुआ प्राचीन कुलेश्वरनाथ मंदिर

गरियाबंद। छत्तीसगढ़ में लगातार जारी मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है। गरियाबंद जिले में पैरी नदी का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर पहुँचने की वजह से ‘नेशनल हाईवे-130C’ पिछले 24 घंटों से पूरी तरह बाधित है। पंटोरा क्षेत्र के पास मुख्य मार्ग पर पानी भर जाने से रायपुर और गरियाबंद के बीच संपर्क कट गया है तथा यात्री बसों समेत दर्जनों गाड़ियाँ फँसी हुई हैं।
हाईवे पर बैरिकेडिंग, प्रशासन ने जारी की एड्वाइजरी
सड़क पर खतरनाक जलभराव को देखते हुए स्थानीय प्रशासन ने सुरक्षा के लिहाज से हाईवे पर बैरिकेड्स लगा दिए हैं। अधिकारियों ने नागरिकों से पानी का स्तर घटने तक इस रास्ते का उपयोग न करने और वैकल्पिक मार्गों का सहारा लेने की अपील की है। स्थिति पर पल-पल की नज़र रखी जा रही है।
सावन के पहले ही दिन महानदी, पैरी और सोंढूर का रौद्र रूप
जिले में बीते दो दिनों से जारी बारिश के कारण नदियाँ उफान पर हैं। राजिम स्थित प्रसिद्ध त्रिवेणी संगम (पैरी, सोंढूर और महानदी का मिलन स्थल) पूरी तरह लबालब हो चुका है। जलस्तर बढ़ने से संगम के बीचों-बीच स्थित ऐतिहासिक भगवान कुलेश्वरनाथ महादेव मंदिर चारों तरफ से बाढ़ के पानी से घिर गया है।
धार्मिक संयोग: सावन महीने की शुरुआत के साथ ही नदियों के बढ़ते जलस्तर ने भगवान भोलेनाथ का प्राकृतिक जलाभिषेक कर दिया है, जिसे श्रद्धालु एक अद्भुत धार्मिक और प्राकृतिक संयोग मान रहे हैं।
















